S M L

इस एंटीबॉयोटिक की वजह से पोलैंड ने किया 40 लाख अंडों को नष्ट

फिप्रोनिल की ज्यादा मात्रा से लोगों के गुर्दे , लीवर और थाइरॉयड ग्रंथि पर खराब असर पड़ता है

Updated On: Jun 16, 2018 03:05 PM IST

Bhasha

0
इस एंटीबॉयोटिक की वजह से पोलैंड ने किया 40 लाख अंडों को नष्ट

पोलैंड की वेट्रनेरी (पशुचिकित्सा) विभाग ने करीब 40 लाख अंडों को बाजार से हटा लिया है. ये अंडे एक एंटीबायोटिक से दूषित हैं. इससे एक दिन पहले जर्मनी के सुपरमार्केट से भी अंडों को बाजार से हटा लिया गया था.

अधिकारियों ने शुक्रवार को निरीक्षण के बाद घरेलू बाजार में बिक्री के लिए रखे गए अंडों को हटाने का आदेश दिया था.

एक बयान में बताया गया है कि, 'इन अंडों को बाजार से इसलिए हटा लिया गया क्योंकि इनमें एंटीबायोटिक लासालोसिड के अवशेषों की मौजूदगी काफी अधिक मात्रा में थी. जोकि नहीं होने चाहिए थी.'

पोलैंड वेट्रनेरी सेवा के प्रमुख पॉवेल नेमजुक ने बताया कि यह दवा गलती से अंडे देने वाली मुर्गियों के खाने में मिला दी गई थी.

उन्होंने पोलैंड की समाचार एजेंसी पीएपी को बताया कि, 'चिकन को मोटा करने के लिए दिया जाने वाला खाना गलती से अंडे देने वाली मुर्गियों को दे दिया गया.'

मंगलवार को जर्मनी के अधिकारियों ने करीब 73,000 डच अंडों को सुपरमार्केट से हटा लिया था. जिनके फिप्रोनिल से दूषित होने की बात सामने आई थी. इसी कीड़े मारने वाली दवा के चलते पिछले साल खाद्य सामग्रियों को लेकर लोगों में काफी डर बैठ गया था.

लोअर सेक्सोनी के कृषि मंत्रालय ने कहा कि ये दूषित अंडे नीदरलैंड के एक जैविक फार्म से आए हैं. हालांकि उन्होंने कहा कि इससे सेहत को किसी तरह का नुकसान नहीं है.

इस वाकए ने पिछले साल के फिप्रोनिल घोटाले की याद दिला दी जहां इससे दूषित लाखों अंडों को 45 देशों में नष्ट कर दिया गया था.

किसलिए किया जाता है फिप्रोनिल का इस्तेमाल

फिप्रोनिल का इस्तेमाल आम तौर पर जानवरों से जू, पिस्सू आदि को हटाने के लिए किया जाता है. इस दवा को खाद्य उद्योग में इस्तेमाल करने से प्रतिबंधित किया गया है.

विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) की रिपोर्ट के अनुसार फिप्रोनिल की ज्यादा मात्रा से लोगों के गुर्दे , लीवर और थाइरॉयड ग्रंथि पर खराब असर पड़ता है.

0

अन्य बड़ी खबरें

वीडियो
KUMBH: IT's MORE THAN A MELA

क्रिकेट स्कोर्स और भी

Firstpost Hindi