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‘पाक ने किसी अन्य मामले में नहीं लिया हिरासत में तो रिहा हो जाएगा हाफिज सईद’

वकील को आशंका है कि पंजाब सरकार किसी और मामले में सईद को हिरासत में ले सकती है

Bhasha Updated On: Nov 23, 2017 09:04 PM IST

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‘पाक ने किसी अन्य मामले में नहीं लिया हिरासत में तो रिहा हो जाएगा हाफिज सईद’

मुंबई हमले का मास्टरमाइंड और प्रतिबंधित जमात-उद-दावा का प्रमुख हाफिज सईद गुरुवार को रात में रिहा होगा, बशर्ते पाकिस्तान सरकार उसे किसी और मामले में हिरासत में न ले. यह जानकारी सईद के वकील ने दी.

आतंकवादी गतिविधियों में भूमिका को लेकर अमेरिका ने जमात-उद-दावा प्रमुख सईद पर एक करोड़ रुपए का इनाम घोषित कर रखा है. वह इस साल जनवरी से ही हिरासत में है.

पंजाब प्रांत के न्यायिक समीक्षा बोर्ड ने सईद की 30 दिन की नजरबंदी पूरी होने पर उसकी रिहाई का आदेश बुधवार को सर्वसम्मति से दिया था. सईद की 30 दिन की नजरबंदी की अवधि शुक्रवार आधी रात को पूरी होने वाली है.

सईद के वकील एके डोगर ने बताया कि यदि सरकार किसी और मामले में सईद को हिरासत में नहीं लेती है तो वह रिहा कर दिया जाएगा. हमें आशंका है कि पंजाब सरकार किसी और मामले में सईद को हिरासत में ले सकती है. उन्होंने कहा कि लाहौर के जौहर कस्बे में सईद के आवास के बाहर जमात-उद-दावा के कार्यकर्ता बड़ी संख्या में इकट्ठा हुए हैं ताकि गुरुवार रात रिहाई पर उसका स्वागत कर सकें.

सईद की रिहाई ऐसे समय में संभावित है जब आगामी 26 नवंबर को 2008 में मुंबई में हुए आतंकवादी हमलों की नौवीं बरसी है. मुंबई हमलों में 166 लोग मारे गए थे.

दूसरी तरफ, पंजाब सरकार के गृह विभाग के सूत्र इस बात पर जोर दे रहे हैं कि सईद की रिहाई नहीं होगी, क्योंकि एक अन्य मामले में उस पर कार्रवाई की जा रही है.

डोगर ने बुधवार को कहा था कि जमात-उद-दावा प्रमुख को 297 दिनों तक अवैध रूप से हिरासत में रखा गया. हाफिज सईद ने हमेशा पाकिस्तान के लिए काम किया और सरकार उसके खिलाफ कोई आरोप साबित नहीं कर सकी. उन्होंने चेताया था कि यदि सरकार न्यायिक बोर्ड के आदेश का पालन नहीं करेगी और उसे रिहा कर देगी तो वह अविलंब अदालत का रुख करेंगे.

31 जनवरी को सईद और उसके चार सहयोगियों अब्दुल्ला उबैद, मलिक जफर इकबाल, अब्दुल रहमान आबिद और काजी काशिफ हुसैन को पंजाब सरकार ने आतंकवाद निरोधक कानून 1997 और आतंकवाद निरोधक कानून 1997 की चौथी अनुसूची के तहत 90 दिनों के लिए हिरासत में लिया था.

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