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विश्‍व महिला बॉक्सिंग चैंपियनशिप : पिंकी, सोनिया और सिमरनजीत की शानदार जीत, प्रीक्वार्टर में बनाई जगह

पांच बार की विश्व चैंपियन एमसी मैरी कॉम (48 किग्रा) सहित मेजबान देश की पांच मुक्केबाज रविवार को रिंग में उतरेंगी

Updated On: Nov 18, 2018 12:32 AM IST

Bhasha

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विश्‍व महिला बॉक्सिंग चैंपियनशिप : पिंकी, सोनिया और सिमरनजीत की शानदार जीत, प्रीक्वार्टर में बनाई जगह

भारत की अनुभवी मुक्केबाज पिंकी रानी (51 किग्रा) सहित पदार्पण कर रही सोनिया (57 किग्रा) और सिमरनजीत कौर (64 किग्रा) ने शनिवार को नई दिल्ली के केडी जाधव हाल में चल रही दसवीं एआईबीए महिला विश्व चैम्पियनशिप के प्रीक्वार्टरफाइनल में जगह सुनिश्चित की. पांच बार की विश्व चैंपियन एमसी मैरी कॉम (48 किग्रा) सहित मेजबान देश की पांच मुक्केबाज रविवार को रिंग में उतरेंगी.

दोपहर के सत्र में जीत की शुरुआत सोनिया ने की. हरियाणा के निमरी गांव की इस युवा मुक्केबाज ने फेदरवेट में मोरक्को की दोआ तोऊजानी को 5-0 से पराजित किया. फिर शाम के सत्र में पिंकी रानी ने फ्लाईवेट में आर्मेनिया की अनुष ग्रिगोरयान को 4 -1 से शिकस्त देकर प्रीक्वार्टर में जगह बनाई, जहां वह 19 नवंबर को होने वाले प्रीक्वार्टर में इंग्लैंड की एलिस लिली जोंस के सामने होंगी.

लाइट वेल्टरवेट में सिमरनजीत कौर ने अमेरिका की मजबूत प्रतिद्ंदी अमेलिया मूरे को 4-1 से हराया और अब उनका सामना स्कॉटलैंड की मेगान रेड से होगा जिन्होंने उज्बेकिस्तान की माफतुनाखोन मेलिएव को 5- 0 से हराया. जुलाई में सिमरनजीत के पिता का निधन हो गया था इसलिए यह जीत उनके लिए भावनात्मक रूप से काफी अहम थी. सीनियर में आने के बाद अपनी पहली बड़ी प्रतियोगिता खेल रही सोनिया अब अंतिम आठ में जगह बनाने के लिए सोमवार को बुल्गारिया की स्टेनिमीरा पेत्रोवा से भिड़ेंगी, जिन्होंने अमेरिका की मुक्केबाज रियाना रियोस को शिकस्त दी. बुल्गारिया की यह मुक्केबाज 16 साल तक ताइक्वांडो खेलती थी और ओलिंपिक में भाग लेने के लिए चार साल पहले ही इस खेल में आई हैं.

‘मैग्नीफिशेंट मैरी’ क्वार्टर फाइनल में जगह बनाने के लिए रविवार को कजाखस्तान की राष्ट्रीय चैम्पियन ऐजरिम कासेनायेवा से भिड़ेंगी. वहीं लवलीना बोरगोहेन (69 किग्रा) का सामना पनामा की एथेयना बाईलोन से होगा. भाग्यवती काचरी (81 किग्रा) पहले दौर में 18 नवंबर को जर्मनी की इरिना निकोलेटा श्कोनबर्गर से भिड़ेंगी. सरिता देवी (60 किग्रा) आयरलैंड की एने हैरिंगटन से जबकि युवा मनीषा (54 किग्रा) अंतिम आठ में जगह बनाने के लिए विश्व चैंपियन रह चुकी कजाखस्तान की डिना जोलामैन से भिड़ेंगी.

सिमरनजीत और अमेलिया की बाउट काफी कठिन रही

New Delhi: India's Simranjit Kaur (Blue) is declared winner against  Amelia Moore of (USA) in the women's fly 64kg category at the AIBA Women's World Boxing Championships, in New Delhi, Saturday, Nov 17, 2018. (PTI Photo/ Atul Yadav)   (PTI11_17_2018_000183B)

पूर्व राष्ट्रीय चैंपियन रह चुकी सिमरनजीत कौर ने सितंबर में तुर्की में हुई प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक जीता था. 23 साल की मुक्केबाज 2013 युवा विश्व चैंपियनिशप में कांस्य पदक अपने नाम कर चुकी हैं. सिमरनजीत और अमेलिया की बाउट काफी कठिन रही, दोनों मुक्केबाजों ने एक दूसरे के खिलाफ बेहतरीन पंच लगाए लेकिन जीत भारतीय मुक्केबाज के नाम रही. पहले दौर में उन्होंने अमेरिकी मुक्केबाज से कुछ तेज पंच खाए लेकिन दूसरे और तीसरे दौर में वह इससे उबरकर अगले दौर में जगह बनाने में सफल रहीं.

पिंकी से स्वर्ण पदक की उम्मीद

हिसार की पिंकी कई बार राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं के ट्रायल में अपनी आदर्श मैरी कॉम को हरा चुकी हैं. उन्होंने पहले दौर में विपक्षी मुक्केबाज को परखा और फिर अपनी रणनीति लागू की. दूसरे दौर में उन्हें थोड़े पंच भी लगे. उन्होंने बाउट के बाद कहा, ‘यह आसान खेल नहीं है, पंच आएंगे भी और उसका जवाब ढंग से दिया जाएगा. मैं आक्रामक मुक्केबाज हूं, निश्चित रूप से हर मुक्केबाज पर सीधे हमला नहीं किया जा सकता. मैंने कोच के कहे अनुसार दूरी बनाकर खेलना जारी रखा.’ पिंकी अपनी तीसरी विश्व चैंपियनशिप में पदक जीतकर घरेलू दर्शकों को खुश करना चाहती हैं. उन्होंने कहा, ‘दर्शकों का समर्थन मिलता है. लेकिन रिंग में हम अपने कोच की सलाह और रणनीति पर ध्यान रखते हैं.’  चार साल पहले राष्ट्रमंडल खेलों में कांस्य पदक जीत चुकी पिंकी ने इस बार स्वर्ण पदक की उम्मीद लगाई हुई है.

फैसले से नाखुश दोआ तोऊजानी रोती रहीं

New Delhi: India's Sonia (blue) fights against Toujani Doaa of Morocco in Women's 57 kg  category bout during AIBA Women's World Boxing Championships at IG Stadium in New Delhi, Saturday, Nov. 17, 2018. (PTI Photo/Ravi Choudhary)  (PTI11_17_2018_000091B)

सुबह सोनिया के खिलाफ खेलने वाली मोरक्को की मुक्केबाज दोआ तोऊजानी इस सर्वसम्मति से लिए गए फैसले से नाखुश थीं और रो रही थी. हालांकि उन्होंने इस फैसले के खिलाफ कुछ नहीं बोलना ही ठीक समझा. उनके कोच ने उनके जवाब का अनुवाद करते हुए कहा, ‘वह इस बाउट से खुश है.’ तो क्या यह सही नतीजा रहा, इस पर उन्होंने कहा, ‘हां, फैसला सही था.’ पर उन्होंने दोआ तोऊजानी के रोने के बारे में कुछ नहीं बताया. स्टेनिमीरा ने सोनिया से होने वाली बाउट के बारे में कहा, ‘भारतीय मुक्केबाज कड़ी प्रतिद्वंदी होगी, हमने यहां एक दूसरे के खिलाफ अभ्यास किया था और एक दूसरे के खेल को देखा.’

काफी रक्षात्मक होकर खेल रही थीं सोनिया

सात साल पहले मुक्केबाजी खेलना शुरू करने वाली 21 साल की सोनिया बाउट में काफी रक्षात्मक होकर खेल रही थीं. दोनों मुक्केबाज दो बार एक दूसरे के ऊपर गिर भी गईं जो कुश्ती जैसा दिख रहा था. उन्होंने कहा, ‘मैं ऐसा ही खेलती हूं. मैं वैसे भी करीब जाकर नहीं खेलती, दूर से ही खेलती हूं. अच्छी बाउट रही. वह काफी पकड़ रही थी, जिससे दो बार हम गिर भी गए.’ रणनीति के बारे में सोनिया ने कहा, ‘मैं उससे दूर होकर ही खेली क्योंकि जब भी मैं उसके पास गयी, वो काफी पकड़. रही थी और उसने दो बार गिरा भी दिया. इसलिए मैं करीब नहीं गई.’ बुल्गारिया की मुक्केबाज से भिड़ने के बारे में उन्होंने कहा, ‘यही योजना रहेगी, वो भी मेरी तरह दूर होकर खेलती है.’  अंतिम राउंड से पहले कोच कुछ सलाह दे रहे थे, इस पर सोनिया ने कहा, ‘वह आत्मविश्वास बढ़ा रहे थे कि आप से अच्छा कोई नहीं है, प्रतियोगिता आपके देश में हो रही है.’

 

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