S M L

हाथ से निकल गए हैं कश्मीर के हालात : शरद यादव

यादव ने कहा, वर्ष 2014-15 में केवल 1.35 लाख नयी नौकरियां दी गईं.

Bhasha Updated On: May 21, 2017 02:26 PM IST

0
हाथ से निकल गए हैं कश्मीर के हालात : शरद यादव

जदयू के वरिष्ठ नेता शरद यादव ने कहा है कि कश्मीर घाटी में हालात अब हाथ से निकल गए हैं और सरकार इसे नियंत्रित करने में अक्षम है. शरद यादव विपक्षी दलों के समर्थन से कश्मीर पर एक सम्मेलन के आयोजन के लिए काम कर रहे हैं.

यादव भाजपा के यशवंत सिन्हा के अलावा कांग्रेस और वाम दलों के नेताओं से मुलाकात कर चुके हैं. सिन्हा उस गैर-सरकारी प्रतिनिधिमंडल का हिस्सा थे जिसने वहां के हालात पर एक राष्ट्रीय सम्मेलन आयोजित करने के प्रयासों के तहत वहां का दौरा किया था.

उन्होंने एक बयान में कहा, घाटी में स्थिति बेहद गंभीर हो गई है और पिछले तीन वर्ष में यह हाथ से निकल चुकी है. अब वहां शांति लाना बेहद चुनौतीपूर्ण है. राज्य आतंकवाद की गिरफ्त में है, ऐसा पिछले 15 साल में नहीं देखा गया था और सरकार इसे नियंत्रित करने में नाकाम है. उन्होंने देश के कुछ हिस्सों में गोरक्षकों द्वारा हिंसक मामलों और कथित जातिवादी हमलों का हवाला दिया और भाजपा से संबद्ध संगठनों तथा समूहों पर इन अशांत गतिविधियों को अंजाम देने का आरोप लगाया.

उन्होंने कहा कि भगवा पार्टी ने सालाना दो करोड़ युवाओं को रोजगार देने का वादा किया था, लेकिन वर्ष 2014-15 में केवल 1.35 लाख नयी नौकरियां दी गईं.

यादव ने आरोप लगाया कि भाजपा ने कहा था कि कृषि उत्पादन के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) उत्पादन लागत से 50 प्रतिशत अधिक होगा. लेकिन कई किसान आत्महत्या करने के लिये मजबूर हैं क्योंकि उन्हें अपने उत्पाद एमएसपी से भी कम दर पर बेचने पड़ रहे हैं.

उन्होंने कहा कि मोदी सरकार ऐसी पहली सरकार है जिसने स्वास्थ्य एवं शिक्षा दोनों मंत्रालयों का बजट कम किया. उन्होंने आरोप लगाया कि यह सरकार गरीबों, अनुसूचित जाति एवं जनजाति के लोगों के लिये नहीं बल्कि अमीरों और कुलीन वर्ग के लिए है.

0

अन्य बड़ी खबरें

वीडियो
Test Ride: Royal Enfield की दमदार Thunderbird 500X

क्रिकेट स्कोर्स और भी

Firstpost Hindi