S M L

रजनीकांत की राजनीति में एंट्री, कहा ये सबसे बड़ी जरूरत

उन्होंने कहा कि वह अपनी नई राजनीतिक पार्टी बनाएंगे. इसके बाद अगला विधानसभा चुनाव लड़ेंगे. संभव है कि सभी तमिलनाडु विधानसभा चुनाव में सभी सीटों पर उनके प्रत्याशी खड़े होंगे

FP Staff Updated On: Dec 31, 2017 07:07 PM IST

0
रजनीकांत की राजनीति में एंट्री, कहा ये सबसे बड़ी जरूरत

भारतीय सिनेमा के सुपरस्टार रजनीकांत ने साल के आखिरी दिन बड़ा फैसला किया. उन्होंने एलान किया कि अब वो राजनीति में एंट्री करने जा रहे हैं. फैंस से मुलाकात के बाद उन्होंने श्री राघवेंद्र कल्याण मंडपम में कहा, 'मेरा राजनीति में आना तय है. मैं अब राजनीति में आ रहा हूं. ये आज की सबसे बड़ी जरूरत है.'

उन्होंने आगे कहा कि वह अपनी नई राजनीतिक पार्टी बनाएंगे. इसके बाद अगला विधानसभा चुनाव लड़ेंगे. संभव है कि सभी तमिलनाडु विधानसभा चुनाव में सभी सीटों पर उनके प्रत्याशी खड़े होंगे.

अगर राजनीति में नहीं आता तो लोगों के साथ धोखा होता

रजनीकांत ने कहा, 'राजनीति की दशा काफी खराब हो गई है. सारे राज्य हमारा मजाक बना रहे हैं. अगर मैं राजनीति में नहीं आता हूंं तो यह लोगों के साथ धोखा होता.रजनीकांत ने आगे कहा कि राजनीति के नाम पर नेता हमसे हमारा पैसा लूट रहे हैं और अब इस राजनीति को जड़ से बदलने की जरूरत है.'

तलाइवा ने कहा कि सच्चाई, काम और विकास उनकी पार्टी का मूलमंत्र होगा.

हाल ही में रजनीकांत ने कहा था कि वो राजनीति में आएंगे या नहीं, इस पर 31 दिसंबर को फैसला करेंगे. उस वक्त उन्होंने कहा था कि, 'मैं राजनीति में नया नहीं हूं. थोड़ा लेट जरूर हूं. मेरी एंट्री ही जीत के बराबर है. मैं 31 दिसंबर को अपने फैसले की घोषणा करूंगा.'

सत्ता के दुरूपयोग के खिलाफ रहूंगा खड़ा 

'तलाइवा' यानी बॉस नाम से मशहूर रजनीकांत ने कहा, 'जहां भी सत्ता का दुरुपयोग होगा, मैं उसके खिलाफ खड़ा रहूंगा. उन्होंने कहा कि आज चारों ओर भ्रष्टाचार है और राजनीति का सिर्फ नाटक हो रहा है.'

रजनीकांत ने तमिलनाडु के 18 जिलों में छह दिनों तक यात्रा की है. अपनी यात्रा में उन्होंने रोज कम से कम एक हजार लोगों से मिलने की योजना बनाई थी.

67 साल के इस अभिनेता के दक्षिण भारत में कई चाहने वाले हैं. वह दक्षिण भारत में सबसे लोकप्रिय के अभिनेताओं में से एक हैं. उनकी फिल्में 2.0 और काला सिनेमाघरों में उतरने वाली हैं.

सन 1996 में जयललिता के खिलाफ उठाई थी आवाज 

छह दिवसीय बैठक के समापन के मौके पर यहां अपने समर्थकों से अभिनेता ने कहा कि समय कम होने के कारण स्थानीय निकाय चुनाव लड़ पाना संभव नहीं है. उन्होंने कहा कि पार्टी की शुरूआत विधानसभा चुनाव के मद्देनजर उचित समय पर की जाएगी.

रजनीकांत ने कहा कि पार्टी की नीतियों को आवाम तक ले जाया जाएगा और उनकी पार्टी का नारा सच्चाई, कड़ी मेहनत और विकास होगा. उन्होंने कहा, ‘अच्छा करो, बोलो और केवल अच्छा होगा’ मार्गदर्शक नारा होगा.

अपने प्रशंसकों की उनके ‘अनुशासन’ के लिए तारीफ करते हुए अभिनेता ने कहा कि इनके साथ किसी भी लक्ष्य को हासिल किया जा सकता है. वर्ष 1996 में अभिनेता ने जयललिता के खिलाफ विरोध की आवाज उठाई थी.

सुब्रह्मण्यन स्वामी ने कहा अनपढ़ हैं रजनीकांत 

उनके इस फैसले के साथ तमिलनाडु की राजनीति गरमा चुकी है. बीजेपी नेता सुब्रह्मण्यम स्वामी ने कहा कि उन्होंने बस राजनीति में आने की घोषणा की है. कोई डॉक्युमेंट नहीं, कोई योजना नहीं.

वो अनपढ़ हैं. केवल मीडिया का ध्यान अपनी ओर करने के लिए ऐसा कर रहे हैं. तमिलनाडु के लोग समझदार हैं. वो सही फैसला करेंगे.

0

अन्य बड़ी खबरें

वीडियो
SACRED GAMES: Anurag Kashyap और Nawazuddin Siddiqui से खास बातचीत

क्रिकेट स्कोर्स और भी

Firstpost Hindi