S M L

नीरव-मेहुल की जोड़ी ने घोटाले के पैसे बेल्जियम में ठिकाने लगाए

बैंकों को चूना लगा के भारत से सुरक्षित निकल भागने के कुछ समय पहले ही शातिर हीरा व्यापारी नीरव मोदी ने अपनी फ्लैगशिप कंपनी नीरव मोदी लिमिटेड की एक सहायक कंपनी बेल्जियम में 11 अक्टूबर 2017 को शुरू कर दी थी.

Yatish Yadav Updated On: Mar 05, 2018 04:16 PM IST

0
नीरव-मेहुल की जोड़ी ने घोटाले के पैसे बेल्जियम में ठिकाने लगाए

बैंकों को चूना लगा के भारत से सुरक्षित निकल भागने के कुछ समय पहले ही शातिर हीरा व्यापारी नीरव मोदी ने अपनी फ्लैगशिप कंपनी नीरव मोदी लिमिटेड की एक सहायक कंपनी बेल्जियम में 11 अक्टूबर 2017 को शुरू कर दी थी. सूत्रों के अनुसार शातिर नीरव मोदी ने पंजाब नेशनल बैंक से घोटाला किए गए 12000 करोड़ रुपए में से एक बड़ी राशि बेल्जियम स्थित दो कंपनियों तक पहुंचा दिए थे.

पहली कंपनी थी नीरव मोदी लिमिटेड और दूसरी थी नीरव मोदी ज्वैल्स बीवीबीए जिसे बेल्जियम के एंटवर्प में 2013 में शुरू किया गया था. भारतीय जांच एजेंसियों के लिए नीरव मोदी की बेल्जियम स्थित इन दोनों कंपनियों से जानकारी जुटाना और सुबूत इकट्ठे करना बहुत मुश्किल काम है क्योंकि भारत का बेल्जियम के साथ म्यूच्यूल लीगल एसिसटेंस ट्रीटी यानि एमएलएटी करार नहीं है.

ऐसे में भारतीय जांच ऐजेंसियों के सामने बेल्जियम के अधिकारियों से नीरव मोदी के घोटाले से संबंधित जानकारी हासिल करने बेहद मुश्किल काम है. अगर जांच एजेंसी बेल्जियम से जांच में सहयोग के लिए लेटर रोगोरेट्री या एलआर के तहत जानकारी मांगती भी है तो इसमें तीन चार सालों का वक्त लग जाएगा.

हीरों की वैश्विक राजधानी कहे जाने वाले एंटवर्प में नीरव मोदी पला बढ़ा है और वो उसे बखूबी समझता है. उसके पिता दीपक मोदी ने वहां 60 के दशक में एक दुकान भी खोली थी.

सूत्रों के मुताबिक दूसरे देश में किसी आपराधिक मामले की पूरी जानकारी और आधिकारिक और न्यायिक कागजातों की जांच में औसतन 1334 दिन या लगभग चार साल का समय लगता है. भारत ने 39 देशों के साथ एमएलएटी संधि की हुई है और जांच ऐजेंसियों को उम्मीद है कि अमेरिका, स्विट्जरलैंड, हांगकांग, यूएई और ब्रिटेन जैसे देशों से उन्हें इस मामले में सहयोग मिलेगा और वो वहां पर नीरव मोदी और मेहुल चौकसी की कंपनियों और संपत्तियों को जब्त करने की दिशा में आगे बढ़ सकेंगे. हालांकि एमएलएटी संधि के बावजूद जरूरी कागजातों के आदान प्रदान में 5 से 6 महीने का समय लग सकता है.

nirav modi

बेल्जियम में नई कंपनी बनाने के दो महीने के बाद ही नीरव मोदी ने 12 दिसंबर 2017 को हांगकांग स्थित फायर स्टार इंटरनेशनल प्राइवेट लिमिटेड का अपना धंधा समेट लिया जबकि वो कंपनी अप्रैल 2017 में ही वहां शुरू हुई थी और उस कंपनी को वहां पर अपना बिजनेस शुरू किए हुए महज सात महीने ही बीते थे.

सूत्रों का ये दावा है कि खास करके हांगकांग और ब्रिटेन के अधिकारियों से मिली जानकारी नीरव मोदी के विदेशों में उसकी संपत्तियों की जानकारी में अहम कड़ी साबित होंगे. फरार शातिर अरबपति हीरा व्यापारी नीरव मोदी ने ब्रिटेन में नीरव मोदी लिमिटेड नाम की एक कंपनी नवंबर 2014 में खोली.

इस कंपनी के माध्यम से उसने कुछ खास स्टोर्स में घड़ियां और आभूषण बेचने शुरू किए. उसने हिमांशु त्रिवेदी को यूके स्थित इस कंपनी का डायरेक्टर नियुक्त कर दिया. मजेदार बात ये है कि त्रिवेदी नीरव मोदी के भाई नीशल मोदी के पांच संदिग्ध मेलबॉक्स कंपनियों के निदेशकों में से एक था.

ये कंपनियां थी – अनंतनाथ वैल्यूअर्स प्राइवेट लिमिटेड, समकित वैल्यूअर्स प्राइवेट लिमिटेड, संभावनाथ वैल्यूअर्स प्राइवेट लिमिटेड, मून वैल्यूअर्स प्राइवेट लिमिटेड, और वासूपूज्य वैल्यूअर्स प्राइवेट लिमिटेड. ब्रिटेन की इस कंपनी में अधिकांश शेयर होल्डिंग,नीरव मोदी की हांगकांग के 70 क्वीन्स रोड सेंट्रल स्थित एक और कंपनी फायरस्टार होल्डिंग्स लिमिटेड की थी.

इसके बाद सितंबर 2016 में अजय गांधी और मिहिर भंसाली को नीरव मोदी लिमिटेड में निदेशक नियुक्त किया गया. गांधी को फायरस्टार डायमंड इंक यूएसए का चीफ फायनेशियल ऑफिसर और भंसाली को फायरस्टार डायमंड का चीफ एग्जीक्यूटिव ऑफिसर यानि सीईओ नियुक्त किया गया.

भंसाली नीरव मोदी इंक, जिसका पता, 592 फिफ्थ ऐवन्यू तीसरी मंजिल न्यूयॉर्क था, उसके भी सीईओ नियुक्त किए गए थे. कंपनी की शुरुआत सितंबर 2013 में फायरस्टार ज्वैलरी इंक के फॉरेन बिजनेस कॉरपोरेशन के रूप में हुई थी. फायरस्टार डायमंड इंक ने सोमवार को न्यूयॉर्क साउदर्न बैंकरप्सी कोर्ट में बैंकरप्सी के लिए अर्जी दाखिल की है.

हालांकि फायरस्टार डायमंड इंटरनेशनल इंक जो कि 2011 में शुरू हुआ था और फायरस्टार प्रीसियस इंक जो कि 2015 में शुरू हुआ था वो दोनों उसी आफिस परिसर से सामान्य रूप से काम करते रहेंगे.

30 मई 2017 को ब्रिटेन की कंपनी से हिमांशु त्रिवेदी की निदेशक पद की नियुक्ति समाप्त कर दी गई और एंजेला एंगुएन को नया निदेशक नियुक्त कर दिया गया. एंजेला फ्रेंच नागरिक थीं जो कि हांगकांग में रहती थीं. उन्हें ही नीरव मोदी लिमिटेड यूके की कमान दी गई.

ब्रिटेन में एंजेला की नियुक्ति से पहले उन्हें भारत में चल रही दो कंपनियों फायरस्टार इंटरनेशनल लिमिटेड और फायरस्टार इंटरनेशनल प्राइवेट लिमिटेड का निदेशक बताया गया. रहस्यमय एंजेला के बारे में हांगकांग के अधिकारियों से जानकारी मिलने के बाद भारतीय जांचकर्ताओं को उम्मीद है कि वो हांगकांग के नीरव मोदी लिमिटेड की संपत्तियों के बारे में महत्वपूर्ण जानकारियां जुटा सकेंगे.

ये कंपनी नीरव मोदी के योजनाबद्ध तरीके के भागने के महज 6 महीने पहले जुलाई 2017 में बनी थी. एक और हांगकांग स्थित नीरव मोदी लिमिटेड कंपनी अगस्त 2014 से चल रही थी. और ये कंपनी इसी नाम की ब्रिटेन स्थित कंपनी बनने से पहले से चल रही थी.

सूत्रों के अनुसार जांच अधिकारी, मेहुल चौकसी की गीतांजलि यूएसए इंक के बारे में भी जानकारी इकट्ठा करने में लगे हैं. चौकसी का बड़ा व्यापारिक हित एंटवर्प से भी जुड़ा हुआ था और पीएनबी ने अपने लेटर ऑफ क्रेडिट उसकी तीन कंपनियों गीतांजलि जेम्स, जिली इंडिया और नक्षत्र डायमंड्स को बैंक ऑफ इंडिया की एंटवर्प ब्रांच से जारी करवाए थे.

Mehul Choksi

कम से कम पांच लेटर ऑफ क्रेडिट जो कि 78 करोड़ रुपए के थे एक ही दिन 15 मार्च 2017 को जारी किए गए और ये पीएनबी के नोस्त्रो खाते में दर्ज भी है. अगले दिन दो लेटर ऑफ क्रेडिट और जारी हुए जो कि चौकसी के जिली इंडिया और नक्षत्र के नाम पर थे और वो 65.22 करोड़ के थे. जांचकर्ताओं को लग रहा है कि चौकसी ने सीधे 685 करोड़ रुपए को बेल्जियम में ठिकाने लगा दिया है. सूत्रों का कहना है कि चौकसी कई मेलबाक्स कंपनियों को सिंगापुर, हांगकांग, मारीशस, और ब्रिटिश वर्जिन ऑईलैंड्स से चला रहा था. इन कंपनियों में ट्रांसफर किया जा रहा पैसा ऐसा प्रतीत होता था जैसे को वास्तविक बिजनेस डील्स से आ रहा हो.

शुक्रवार को ईडी ने मेहुल चौकसी और उसके द्वारा संचालित कंपनियों की 1217.20 करोड़ की 41 संपत्तियां जब्त की है. जब्त की गई संपत्ति में मुंबई में 15 फ्लैट और 17 ऑफिस परिसर, हैदराबाद जेम्स एसईजेड, कोलकाता का एक शापिंग मॉल, अलीबाग का फार्म हाउस और महाराष्ट्र और तमिलनाडु में 231 एकड़ जमीन शामिल है.

0

अन्य बड़ी खबरें

वीडियो
DRONACHARYA: योगेश्वर दत्त से सीखिए फितले दांव

क्रिकेट स्कोर्स और भी

Firstpost Hindi