S M L

लॉ कमीशन से बोली कांग्रेस: वह एकसाथ चुनाव के पूरी तरह खिलाफ

पिछले महीने अभिषेक मनु सिंघवी ने कहा था कि एक राष्ट्र एक चुनाव में कोई दम नहीं है, यह सिर्फ जुमला है, इसका मकसद लोगों को बरगलाना और मूर्ख बनाना है

FP Staff Updated On: Aug 03, 2018 08:43 PM IST

0
लॉ कमीशन से बोली कांग्रेस: वह एकसाथ चुनाव के पूरी तरह खिलाफ

कांग्रेस ने शुक्रवार को लॉ कमीशन से कहा कि वह लोकसभा और विधानसभा चुनाव एकसाथ कराए जाने के विचार का ‘पुरजोर’ विरोध करती है क्योंकि यह भारतीय संघवाद के बुनियादी ढांचे के खिलाफ है. कांग्रेस शिष्टमंडल ने लॉ कमीशन के प्रमुख से मुलाकात की और पार्टी के रुख से उनको अवगत कराया.

इस शिष्टमंडल में मल्लिकार्जुन खड़गे, पी चिदंबरम, अभिषेक मनु सिंघवी, आनंद शर्मा और जेडी सेलम शामिल थे. सूत्रों के अनुसार कांग्रेस शिष्टमंडल ने कहा कि पार्टी एकसाथ चुनाव कराने का ‘पुरजोर ढंग’ से विरोध करती है.

पिछले महीने अभिषेक मनु सिंघवी ने कहा था कि एक राष्ट्र एक चुनाव में कोई दम नहीं है. यह सिर्फ जुमला है. इसका मकसद लोगों को बरगलाना और मूर्ख बनाना है. एक साथ चुनाव की बात सुनने में अच्छी लगती है. इस विचार के पीछे इरादा अच्छा नहीं है. यह प्रस्ताव लोकतंत्र की बुनियाद पर कुठाराघात हैं. यह जनता की इच्छा के विरुद्ध है. इसके पीछे अधिनायकवादी रवैया है.

कांग्रेस समेत अन्य दल पहले भी कर चुके हैं इसका विरोध

इस साल जनवरी में कार्मिक, लोक शिकायत, कानून और न्याय संबंधी संसद की स्टैंडिंग कमेटी के सामने कांग्रेस, कम्यूनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया, कम्यूनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया (मार्क्सिस्ट) और तृणमूल कांग्रेस के सदस्यों ने पीएम मोदी के वन नेशन-वन इलेक्शन के विचार का विरोध किया था.

एकसाथ चुनाव के लिए लॉ कमीशन ने एक दस्तावेज तैयार किया है. दस्तावेज में कमीशन ने 1951 के जनप्रतिनिधि कानून में कई संवैधानिक और अन्य संशोधन सुझाने के साथ ‘एक देश-एक चुनाव’ के नियम और प्रकिया बताई है. कमीशन ने एकसाथ चुनाव के लिए दो चरणों में चुनाव का प्रस्ताव रखा है.

(इनपुट भाषा से)

0

अन्य बड़ी खबरें

वीडियो
सदियों में एक बार ही होता है कोई ‘अटल’ सा...

क्रिकेट स्कोर्स और भी

Firstpost Hindi