S M L

कांग्रेस ने आतंकवाद को लेकर मोदी पर ही दागे उनके पुराने सवाल

सिंघवी ने स्पष्ट किया कि कांग्रेस अपने बहादुर जवानों और देश की विश्व स्तरीय सेना के साथ खड़ी है और पाकिस्तान की निंदा करती है

Updated On: Feb 14, 2018 06:16 PM IST

Bhasha

0
कांग्रेस ने आतंकवाद को लेकर मोदी पर ही दागे उनके पुराने सवाल

कांग्रेस ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर उनकी ‘दिशाहीन’ और ‘अस्थिर’ विदेश एवं रक्षा नीति के कारण आतंकवाद एवं संघर्ष विराम उल्लंघनों के मामलों में कई गुना वृद्धि होने का आरोप लगाया.

कांग्रेस ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा लोकसभा चुनाव से पहले आतंकवाद, नक्सलवाद और घुसपैठ को लेकर किये गये सवालों को आज उन्हीं पर दागते हुए दावा किया कि भाजपा नीत सरकार इन पर ‘सन्नाटे वाली चुप्पी’ साधे हुई है. कांग्रेस प्रवक्ता अभिषेक सिंघवी ने आज संवाददाताओं से कहा कि देश की सुरक्षा के साथ आए दिन समझौता हो रहा है तथा सरकार चुपचाप बैठी है.

आतंकवादियों के संचार पर रोक क्यों नहीं लगा पा रही?

पार्टी ने कहा कि सरकार के 44 माह के शासनकाल में आतंकी घटनाओं, संघर्षविराम उल्लंघनों तथा जम्मू कश्मीर में जान गंवाने वाले सुरक्षाकर्मियों एवं नागरिकों की संख्या में कई गुना की वृद्धि हुई है. प्रधानमंत्री मोदी ने 2014 के आम चुनाव से पहले तत्कालीन UPA सरकार से पांच सवाल किए थे. आतंकवादियों के पास बारूद-शस्त्र कहां से आते हैं? उनके पास धन कहां से आता है? विदेशी घुसपैठी देश में कैसे आ जाते हैं? आतंकवादियों के संचार पर रोक क्यों नहीं लगा पा रही? विदेशों में बैठे आतंकवादियों का प्रत्यर्पण क्यों नहीं हो पा रहा?

सिंघवी ने कहा कि आज प्रधानमंत्री मोदी की सरकार के पास सेना, सीमा सुरक्षा बल सहित सारे सुरक्षा बल हैं, संचार मंत्रालय है, वित्त मंत्रालय है, विदेश मंत्रालय है, फिर भी इन सवालों का कोई जवाब नहीं मिल रहा. उन्होंने कहा कि इन सवालों पर सरकार ने पिछले 42 महीनों में इन सवालों पर ‘सन्नाटे वाली चुप्पी’ साध रखी है.

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी सरकार के शासनकाल के पिछले 44 माह में 286 जवानों और 138 नागरिकों की जान जा चुकी है जबकि पिछली सरकार के शासनकाल में यह संख्या क्रमश: 115 और 72 थी.

संघर्षविराम उल्लंघन की घटनाएं पांच गुना बढ़कर 2555 हो गई

सिंघवी ने कहा कि इस सरकार के शासनकाल के 44 माह के दौरान पाकिस्तान द्वारा संघर्षविराम उल्लंघन की घटनाएं पांच गुना बढ़कर 2555 हो गई जो UPA सरकार की इसी अवधि में 543 थीं.

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी और उनकी सरकार और उनकी पार्टी के अध्यक्ष को इन सवालों का जवाब देना चाहिए. उन्होंने कहा कि इनके उत्तर में हमें राष्ट्रवाद का पाठ मत पढ़ाइएगा.

सिंघवी ने स्पष्ट किया कि कांग्रेस अपने बहादुर जवानों और देश की विश्व स्तरीय सेना के साथ खड़ी है और पाकिस्तान की निंदा करती है. ‘किंतु हम इस बात की कब तक अनदेखी कर सकते हैं कि दिशाहीन, कमजोर, अस्थिर और मनमानी विदेश एवं रक्षा नीति के कारण हमारे बहादुर जवानों के लिए खतरा बन रही है.’

उन्होंने कहा कि आखिर पाकिस्तान का इतना साहस कैसे हो गया कि उसने संघर्षविराम उल्लंघन की घटनाओं में पांच गुना वृद्धि कर दी. उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी से पूछा कि ‘क्या यही आपकी बहादुरी और क्या यही आपका राष्ट्रवाद है या यह महज एक जुमलेबाजी है.’

0

अन्य बड़ी खबरें

वीडियो
Jab We Sat: ग्राउंड '0' से Rahul Kanwar की रिपोर्ट

क्रिकेट स्कोर्स और भी

Firstpost Hindi