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भीम आर्मी का BSP को समर्थन, चंद्रशेखर बोले- मायावती को सौंपी जाए विपक्षी गठबंधन की कमान

चंद्रशेखर ने कहा की गोरखपुर और फूलपुर लोकसभा उपचुनाव को एसपी और बीएसपी ने मिलकर लड़ा और वहां बीजेपी को शिकस्त दी. उनकी कोशिश होगी कि इस गठबंधन में राष्ट्रीय लोक दल और कुछ अन्य पार्टियां भी शामिल हों

Updated On: Nov 27, 2018 10:35 AM IST

FP Staff

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भीम आर्मी का BSP को समर्थन, चंद्रशेखर बोले- मायावती को सौंपी जाए विपक्षी गठबंधन की कमान

भीम आर्मी प्रमुख चंद्रशेखर ने कहा कि आगामी लोकसभा चुनाव में विपक्षी गठबंधन की कमान बहुजन समाज पार्टी अध्यक्ष मायावती को दी जानी चाहिए. वह अगले आम चुनावों के मद्देनजर बहुजन समाज के पक्ष में माहौल बनाने की कोशिश कर रहे हैं. इस सवाल पर कि वह मायावती को कमान सौंपने की बात कर रहे हैं जबकि बीएसपी प्रमुख उन्हें बीजेपी का एजेंट बताती हैं, चंद्रशेखर ने कहा कि बीएसपी हमारा घर है और घर में कुछ गलतफहमियां तो होती रहती हैं.

चंद्रशेखर ने कहा की गोरखपुर और फूलपुर लोकसभा उपचुनाव को एसपी और बीएसपी ने मिलकर लड़ा और वहां बीजेपी को शिकस्त दी. उनकी कोशिश होगी कि इस गठबंधन में राष्ट्रीय लोक दल और कुछ अन्य पार्टियां भी शामिल हों. अगर ऐसा नहीं होता है तो वह बहुजन मूवमेंट की तरफदारी करेंगे. उन्होंने कहा कि भीम आर्मी आगामी लोकसभा चुनाव नहीं लड़ेगी और और आगामी लोकसभा चुनाव में बीजेपी की पराजय सुनिश्चित करने के लिए पूरा दम लगाएगी.

अयोध्या से लौट कर आए चंद्रशेखर ने वहां जाने के कारण के बारे में पूछे जाने पर कहा कि उन्हें जानकारी मिली थी की अयोध्या में विश्व हिंदू परिषद की धर्म सभा और शिवसेना के कार्यक्रम के कारण लोग डरे हुए हैं. उन्होंने अयोध्या के जिला प्रशासन के अधिकारियों से मुलाकात की और उन्हें ज्ञापन सौंपा.

मंदिर निर्माण को लेकर शिवसेना की अयोध्या में अचानक बढ़ी गतिविधियों के बारे में पूछे जाने पर भीम आर्मी प्रमुख ने कहा कि सब हथकंडा है. बीजेपी पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि बीजेपी जैसी सांप्रदायिक ताकतों को हराने के लिए मेरा प्रयास रहेगा कि एक मजबूत गठबंधन हो. बीजेपी के नेता कहते हैं कि वह संविधान को बदलने आए हैं. हम ऐसी सरकार बनाएंगे जो संविधान को माने और संविधान के अनुसार चले.

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इससे पहले अयोध्या में राम मंदिर की जगह उन्होंने बुद्ध की मंदिर बनाने की मांग रखी थी और बताया था कि अयोध्या का वास्तविक नाम साकेत है. उन्होंने कहा था कि विवादित जमीन पर भगवान बुद्ध का ही मंदिर बनाना चाहिए.

(इनपुट भाषा से)

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