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अशोक गहलोतः विज्ञान और कानून में स्‍नातक की डिग्री, कॉलेज से ही राजनीति में रुचि, पढ़ें प्रोफाइल

अशोक गहलोत ने इससे पहले पूर्व प्रधानमंत्री श्रीमती इंदिरा गांधी, पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी तथा पीवी नरसिम्‍हा राव के मंत्रिमंडल में केंद्रीय मंत्री के रूप में कार्य किया था

Updated On: Dec 17, 2018 02:00 PM IST

FP Staff

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अशोक गहलोतः विज्ञान और कानून में स्‍नातक की डिग्री, कॉलेज से ही राजनीति में रुचि, पढ़ें प्रोफाइल

अपनी सादगी के लिए पहचाने जाने वाले अशोक गहलोत का जन्‍म 3 मई 1951 को जोधपुर राजस्‍थान में हुआ है. लक्ष्‍मण सिंह गहलोत के घर जन्‍मे अशोक गहलोत ने विज्ञान और कानून में स्‍नातक की डिग्री प्राप्‍त की है. इसके बाद उन्होंने अर्थशास्‍त्र विषय लेकर स्‍नातकोत्‍तर डिग्री प्राप्‍त की. राजस्‍थान में अशोक गहलोत को कांग्रेस के बड़े कद के नेता के रूप में जाना जाता है. उनके पिता का नाम लक्ष्‍मण सिंह गहलोत है. अशोक गहलोत का विवाह 27 नवंबर 1977 को सुनीता गहलोत के साथ हुआ. गहलोत के एक बेटा (वैभव गहलोत) और एक बेटी (सोनिया गहलोत) हैं.

अशोक गहलोत ने 1984 में खेल मंत्रालय का भार संभाला था

अशोक गहलोत ने इससे पहले पूर्व प्रधानमंत्री श्रीमती इंदिरा गांधी, पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी तथा पीवी नरसिम्‍हा राव के मंत्रिमंडल में केंद्रीय मंत्री के रूप में कार्य किया था. वह तीन बार केंद्रीय मंत्री बने हैं. वह 1982 से 1984 तक इंदिरा गांधी के मंत्रिमंडल में पर्यटन और नागरिक उड्डयन उपमंत्री रहे थे. इसके बाद वह खेल उपमंत्री बने थे. उन्‍होंने 1984 में खेल मंत्रालय का भार संभाला था. समाजसेवा में गहरी रुचि रखने वाले गहलोत ने तरुण शांति सेना द्वारा सेवाग्राम, वर्धा, औरंगाबाद, इंदौर तथा अनेक जगहों पर आयोजित शिविरों में सक्रिय रूप से कार्य किया तथा कच्‍ची बस्‍ती और झुग्‍गी क्षेत्रों के विकास के लिए अपनी सेवाएं भी दीं. वह अपने समय में लोकसभा के लिए चुने जाने वाले देश के सबसे युवा सांसद भी रहे थे.

गहलोत पहली बार साल 1998 में राजस्थान के मुख्यमंत्री बने थे

अशोक गहलोत विद्यार्थी जीवन से ही राजनीति और समाजसेवा में सक्रिय रहे हैं. पढ़ाई के दौरान वह स्काउट और एनसीसी के जरिए होने वाली समाजसेवा में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेते थे. वह वर्ष 1973 से 1979 के बीच राजस्‍थान एनएसयूआई के अध्‍यक्ष रहे थे. अशोक गहलोत पहली बार साल 1998 में राजस्थान के मुख्यमंत्री बने थे. इसके बाद 2008 में भी मुख्यमंत्री का कार्यभार संभाला. गहलोत वर्ष 1980 में पहली बार जोधपुर संसदीय क्षेत्र से निर्वाचित हुए थे. उन्‍होंने जोधपुर संसदीय क्षेत्र का 8वीं लोकसभा (1984-1989), 10वीं लोकसभा (1991-96), 11वीं लोकसभा (1996-98) तथा 12वीं लोकसभा (1998- 1999) में प्रतिनिधित्‍व किया था.

उन्‍हें केंद्रीय कपड़ा राज्‍यमंत्री बनाया गया था

वह 1999 में 11वीं राजस्‍थान विधानसभा के सदस्‍य बने, 12वीं राजस्‍थान विधानसभा के लिए 2003 में निर्वाचित हुए तथा 13वीं राजस्‍थान विधानसभा के लिए 2008 को सरदारपुरा विधानसभा क्षेत्र से पुन: निर्वाचित हुए थे. अशोक गहलोत ने 1984 से 1985 के बीच केंद्रीय पर्यटन और नागरिक उड्डयन राज्‍यमंत्री के रूप में कार्य किया था. बाद में उन्‍हें केंद्रीय कपड़ा राज्‍यमंत्री बनाया गया था. 1989 में वह राजस्‍थान सरकार में गृह तथा जन स्‍वास्‍थ्‍य अभियां‍त्रिकी विभाग के मंत्री रहे थे.

2017 में अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के महासचिव के रूप में नियुक्त 

2004 में गहलोत ने अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी में विशेष आमंत्रित सदस्‍य के रूप में कार्य किया था. 2004 से 2009 तक गहलोत ने अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के महासचिव के रूप में कार्य किया था. वर्ष 2017 में उन्हें अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के महासचिव के रूप में नियुक्त किया गया था. अशोक गहलोत ने हाल ही में राजस्‍थान में हुए विधानसभा 2018 के चुनाव में जोधपुर की सरदारपुरा सीट से जीत दर्ज की है और राजस्थान के मुख्यमंत्री बन गए हैं.

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