S M L

'जीतने वाला सिकंदर होता है, लेकिन हम इसे जीत नहीं कह सकते'

हार्दिक ने पूछा कि हमें वोट डालने के बाद भी यह सोचना पड़ता है कि हमारा वोट सही से पड़ा या फिर नहीं, यह कैसा लोकतंत्र है

FP Staff Updated On: Dec 18, 2017 03:44 PM IST

0
'जीतने वाला सिकंदर होता है, लेकिन हम इसे जीत नहीं कह सकते'

गुजरात विधानसभा चुनाव के नतीजे आने के बाद हार्दिक पटेल ने प्रेस कॉन्फ्रेंस किया और ईवीएम से छेड़छाड़ के अपने आरोप को दोहराया. पाटीदार आंदोलन से निकले हार्दिक ने कहा कि ईवीएस से छेड़छाड़ कर जीत हासिल करने वाली बीजेपी को मैं बधाई देता हूं.

उन्होंने कहा कि अहमदाबाद, सूरत और राजकोट में जो मैंने देखा उससे मुझे यकीन हो रहा है कि कुछ गड़बड़ी जरूर हुई है. उन्होंने कहा कि हमारा आंदोलन आगे भी जारी रहेगा.

शंकर सिंह वाघेला के ऊम्मीदवारों ने और कांग्रेस के बागियों ने पहुंचाया नुकसान

उनके मुताबिक कोली समुदाय वाले 6 सीट पर बीजेपी और कांग्रेस में करीबी लड़ाई है जबकि 7 कोली समुदाय वाली सीट पर कांग्रेस आगे है. उन्होंने कहा कि शंकर सिहं वाघेला के उम्मीदवारों ने कांग्रेस को 100 सीट पर नुकसान पहुंचाया. हार्दिक के मुताबिक दर्जन भर कांग्रेस नेताओं के बागी तेवर से भी पार्टी को नुकसान हुआ है.

हार्दिक ने कहा कि सूरत की वारछा रोड सीट पर 1 लाख पटेल वोटर हैं, लेकिन वहां इतना क्राउड होने के बाद भी हारे तो यह सवाल है उठना जायज है कि इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन में गड़बड़ी है.

अहमदाबाद, सूरत और राजकोट में जीत का अंतर 250 से 300 तक रहा है. इससे ईवीएम पर सवाल खड़ा होता है. मैंने जिस-जिस विधानसभा को लेकर ट्वीट किया था, वहां 200 या 250 वोटों के अंतर से ही बीजेपी और कांग्रेस जीती है.

गुजरात की जनता को अभी बहुत ज्यादा जागरूक होने की जरुरत

हार्दिक के मुताबिक, गुजरात की जनता को अभी बहुत ज्यादा जागरूक होने की जरुरत है. जहां जीत का अंतर 1,000 से 2,000 तक रहा है, वहां ईवीएम बड़ा मुद्दा रहा है. हार्दिक ने कहा कि बीजेपी ने इसलिए 100 सीटें जीतीं ताकि कोई ईवीएम पर शंका न करे. हार्दिक ने कहा कि शहर के लोगों ने क्या किया यह समझ नहीं आया है. गांवों के लोगों ने हमारा समर्थन किया है.

अपने राजनीतिक भविष्य के सवाल हार्दिक ने कहा कि मैं 23 साल का हूं, अपने राजनीतिक भविष्य की बात बाद में करेंगे. मैं संघर्ष करूंगा, बुजदिलों की तरह घर में नहीं बैठूंगा. अगले 5 दिनों में मैं फिर जनसंपर्क शुरू करूंगा. उनके मुताबिक,  गुजरात की जनता जागरूक हुई है, लेकिन अभी बहुत जागरूक होने की जरूरत है.

बीजेपी पैसे के जोर पर जीती है, लेकिन हम इसे जीत नहीं कह सकते

हार्दिक ने पूछा कि हमें वोट डालने के बाद भी यह सोचना पड़ता है कि हमारा वोट सही से पड़ा या फिर नहीं. यह कैसा लोकतंत्र है. उन्होंने कहा कि जापान, इजरायल जैसे देश अपने देश का चुनाव ईवीएम के भरोसे नहीं करते, लेकिन हम ऐसा करते हैं, यह सोचने की बात है.

क्या बीजेपी सत्ता में बैठ गई तो करोड़ों लोगों का आंदोलन गलत हो गया? यह सही है कि जीतने वाला सिकंदर होता है, लेकिन इसे जीत नहीं कह सकते. हमारा आंदोलन वापस नहीं होगा. बीजेपी पैसे के जोर से जीती है. मैंने कहा था कि ईवीएम की मदद से बीजेपी 100 से अधिक सीट लेकर आएगी, जबकि कांग्रेस को 80 से 82 सीट मिलेंगी और वहीं हुआ है.

Gujarat Election Results 2017

0

अन्य बड़ी खबरें

वीडियो
SACRED GAMES: Anurag Kashyap और Nawazuddin Siddiqui से खास बातचीत

क्रिकेट स्कोर्स और भी

Firstpost Hindi