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'आप' ने की दिल्ली बीजेपी अध्यक्ष मनोज तिवारी को गिरफ्तार करने की मांग

आम आदमी पार्टी ने सवाल किया कि क्या दिल्ली पुलिस को मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की सुरक्षा सौंपी जा सकती है.

Updated On: Nov 05, 2018 08:41 PM IST

FP Staff

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'आप' ने की दिल्ली बीजेपी अध्यक्ष मनोज तिवारी को गिरफ्तार करने की मांग

आम आदमी पार्टी ने सवाल किया कि क्या दिल्ली पुलिस को मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की सुरक्षा सौंपी जा सकती है. ये सवाल तब किया गया है जब सिग्नेचर ब्रिज के उद्घाटन समारोह में दिल्ली बीजेपी अध्यक्ष मनोज तिवारी की वहां हाथापाई हो गई. वहीं आप ने दिल्ली बीजेपी अध्यक्ष मनोज तिवारी को गिरफ्तार करने की मांग की है.

तिवारी, जिन्हें क्षेत्र के सांसद होने के बावजूद लॉन्च इवेंट में आमंत्रित नहीं किया गया था, ने समारोह के दौरान मंच पर पहुंचने की कोशिश की. जिसके बाद वहां मुख्यमंत्री की सुरक्षा के लिए मौजूद पुलिस के साथ उनकी कहासुनी हो गई. वहीं बाद में एक वीडियो भी जारी हुआ जिसमें पुलिसकर्मी के साथ उनकी बहस को देखा जा सकता था. मनोज तिवारी पुलिस को धमकी देते हुए दिखाई दे रहे थे.

वहीं मामले को लेकर दिल्ली के मुख्यमंत्री का कहना है कि पुलिसकर्मियों ने इस मामले को उपद्रवी लोगों को सौंप दिया और कहा कि हालात काफी गंभीर है. सीएम ने ट्वीट करते हुए कहा कि दिल्ली पुलिस ने मामले को पूरी तरह से उपद्रवी लोगों के हाथ में जाने दिया. ऐसे में क्या दिल्ली सरकार की सुरक्षा दिल्ली पुलिस के हाथों में सौंपी जा सकती है? दिल्ली सरकार इसके कानूनी पक्षों की जांच करेगी. वहीं आप ने कहा कि जब सीएम केजरीवाल समारोह में बोल रहे थे तब तिवारी के समर्थकों ने स्टेज पर बोतलें फेंकी. वहीं पार्टी ने दिल्ली बीजेपी अध्यक्ष को गिरफ्तार करने की मांग की है.

ये है मामला

दरअसल, सिग्नेचर ब्रिज के उद्घाटन समारोह में दिल्ली बीजेपी अध्यक्ष मनोज तिवारी को आमंत्रित नहीं किया गया था लेकिन मनोज तिवारी वहां आए और उनकी हाथापाई हो गई. इस दौरान पुलिस भी मौके पर मौजूद थी. न्यूज एजेंसी ANI के जरिए जारी वीडियो में मनोज तिवारी आप कार्यकर्ता को मारने की कोशिश करते हुए नजर आए. उन्होंने कहा 'मैं यहां से सांसद हूं. इसमें क्या परेशानी है? मैं क्रिमिनल हूं? पुलिस मुझे घेर क्यों रही है? मैं यहां अरविंद केजरीवाल का स्वागत करने के लिए आया हूं. आप समर्थकों और पुलिस ने मेरे साथ दुर्व्यवहार किया.'

सिग्नेचर ब्रिज

इस परियोजना के पूरा होने से नार्थ और नॉर्थ-ईस्ट दिल्ली के बीच यात्रा का समय कम हो जाएगा. दिल्लीवासी इस ब्रिज के ऊपर से पूरे शहर का एक शानदार नजारा दिखेगा. इसके लिए चार लिफ्ट लगाई गई हैं जिनकी कुल क्षमता 50 लोगों को ले जाने की है. सिग्नेचर ब्रिज का प्रस्ताव 2004 में पेश किया गया था, जिसे 2007 में दिल्ली मंत्रिपरिषद की मंजूरी मिली थी.

शुरुआत में अक्टूबर 2010 में दिल्ली में आयोजित होने वाले कॉमनवेल्थ गेम के पहले 1131 करोड़ रूपए की संशोधित लागत में पूर्ण होना था. इस परियोजना की लागत 2015 में बढ़कर 1,594 करोड़ रुपए हो गई. खबरों के मुताबिक जब पहली बार इस ब्रिज को 1997 में प्रस्तावित किया गया था तब इसकी लागत 464 करोड़ रुपए आंकी गई थी. अभी यह ब्रिज वजीराबाद पुल के ट्रैफिक के बोझ को साझा करेगा.

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