विधानसभा चुनाव | गुजरात | हिमाचल प्रदेश
S M L

नई पीढ़ी के किसानों को साथ लाने की जरूरत, वरना वो खेती छोड़ देंगे: कृषि राज्य मंत्री

हमारे पास कृषि क्षेत्र के संबंध में अपार जानकारियां हैं. अब हमें अगली पीढ़ी के किसानों को ध्यान में रखकर सोचने की जरूरत है जिनके पास इंटरनेट और फोन हैं

Bhasha Updated On: Sep 27, 2017 04:57 PM IST

0
नई पीढ़ी के किसानों को साथ लाने की जरूरत, वरना वो खेती छोड़ देंगे: कृषि राज्य मंत्री

कृषि राज्य मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने कहा कि कृषि संबंधी ज्ञान और जानकारियों को व्यवस्थित करने की जरूरत है जिससे अगली पीढ़ी के किसानों को यह आसानी से उपलब्ध हो सके.

भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (आईसीएआर) के तहत आने वाले कृषि क्षेत्र के ज्ञान प्रबंधन निदेशालय (डीकेएम) को आईसीएआर की प्रौद्योगिकियों, नीतियों और अन्य गतिविधियों का विभिन्न अंशधारकों को प्रसार करने का अधिकार है.

शेखावत ने बुधवार को दिल्ली मेें एक कार्यशाला को संबोधित करते हुए कहा, ‘हमें तेजी से बदलती दुनिया के साथ तालमेल बनाने की जरूरत है. हमारे पास कृषि क्षेत्र के संबंध में अपार जानकारियां हैं और हम इनका पारंपरिक तौर पर प्रसार करते रहे हैं. अब हमें अगली पीढ़ी के किसानों को ध्यान में रखकर सोचने की जरूरत है जिनके पास इंटरनेट और फोन हैं.’

उन्होंने कहा कि इंटरनेट और मोबाइल फोन के बढ़ते इस्तेमाल को देखते हुए नए कृषि क्षेत्र के खोजों, प्रौद्योगिकियों और नीतियों से संबंधित आंकड़ों को इस तरह से तैयार किया जाना चाहिए कि वो आसानी से उपलब्ध हो सकें और उनका इस्तेमाल किया जा सके.

कृषि राज्य मंत्री ने कहा कि अगली पीढ़ी के किसानों को साथ लिए जाने की जरूरत है वरना वो खेती को छोड़ देंगे.

उन्होंने कहा कि खेती का काम व्यापक जानकारियों से युक्त गतिविधियों भरा काम है. इसमें किसानों को हर मोड़ पर मदद की जरूरत पड़ती है. उन्होंने कहा कि कृषि संबंधी जानकारियों के बेहतर प्रबंधन और प्रसार से कृषि क्षेत्र बढ़ेगा और किसानों के जीवन स्तर में सुधार आएगा.

उन्होंने कहा कि इससे किसानों की साल 2022 तक आय दोगुनी करने के लक्ष्य को भी हासिल करने में मदद मिलेगी.

0

अन्य बड़ी खबरें

वीडियो

क्रिकेट स्कोर्स और भी

Firstpost Hindi