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ब्लू व्हेल गेम से दूर रहें युवा, इसे खेलना मौत को बुलावा देना: पीड़ित

इस ऐप या गेम को डाउनलोड नहीं किया जाना चाहिए. यह ऐसा लिंक है जिसे ब्लू व्हेल एडमिन गेम खेलने वाले लोगों के अनुसार बनाता है

Updated On: Sep 06, 2017 03:32 PM IST

Bhasha

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ब्लू व्हेल गेम से दूर रहें युवा, इसे खेलना मौत को बुलावा देना: पीड़ित

तमिलनाडु के कराईकल जिले में ब्लू व्हेल गेम खेलते समय बचाए गए 22 साल के अलेक्जेंडर ने इससे जुड़े अपने कड़वे अनुभवों को साझा किया है. युवक ने युवाओं से किसी भी हाल में इस गेम को नहीं खेलने की अपील की.

नेरावी निवासी अलेक्जेंडर को पुलिस ने मंगलवार को समय रहते बचा लिया था. अलेक्जेंडर ने बुधवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि उसने इस खेल से जुड़े खतरों के बारे में मीडिया में बात करने और अन्य लोगों को इसे नहीं खेलने की सलाह देने का विकल्प चुना.

अलेक्जेंडर ने खुलासा किया कि उसके सहकर्मियों ने एक व्हाट्सऐप ग्रुप बनाया था जिस पर दो सप्ताह पहले उसे यह गेम खेलने के लिए लिंक मिला. जब वह छुट्टी पर नेरावी आया, तो उसने यह गेम खेलना शुरू किया.

उसने बताया कि यह गेम खेलना शुरू करने के बाद वह ड्यूटी पर चेन्नई वापस नहीं गया.

ब्लू व्हेल गेम खेलने वालों के अनुसार एडमिन लिंक बनाता है

उसने कहा, ‘इस ऐप या गेम को डाउनलोड नहीं किया जाना चाहिए. यह ऐसा लिंक है जिसे ब्लू व्हेल एडमिन गेम खेलने वाले लोगों के अनुसार बनाता है.’ अलेक्जेंडर ने कहा, ‘एडमिन जो टास्क देता है, उसे हर रोज देर रात दो बजे के बाद ही पूरा करना होता है. पहले कुछ दिन उसने निजी जानकारी और फोटो पोस्ट करने को कहा जो ब्लू व्हेल एडमिन ने जुटा ली.’

blue whale

कुछ दिनों बाद अलेक्जेंडर से आधी रात को पास के एक कब्रिस्तान में जाने को कहा गया. और वहां एक सेल्फी लेकर उसे ऑनलाइन पोस्ट करने को कहा गया.

उसने कहा, ‘मैं करीब आधी रात को अक्काराईवत्तम कब्रिस्तान गया, मैंने सेल्फी ली और उसे पोस्ट किया. मुझे हर दिन अकेले डरावनी फिल्में देखनी होती थीं, ताकि पीड़ितों का डर दूर किया जा सके.’

अलेक्जेंडर ने कहा, ‘मैं घर में लोगों से बात करने से कतराने लगा और अपने ही कमरे में बंद रहने लगा. यह दिमाग को बुरी तरह प्रभावित करने वाला था. हालांकि मैं इस गेम को खेलना बंद करना चाहता था, लेकिन मैं ऐसा नहीं कर सका.’

अलेक्जेंडर के भाई अजीत का ध्यान उसके व्यवहार में आए बदलावों पर गया जिसके बाद उसने पुलिस को इस बारे में खबर दी. पुलिस अलेक्जेंडर के घर मंगलवार सुबह चार बजे पहुंची और उसने उसे उस समय बचा लिया, जब वह अपनी बाजू पर चाकू से ब्लू व्हेल मछली का चित्र बनाने वाला था.

अलेक्जेंडर ने बताया कि काउंसलिंग मुहैया कराए जाने के बाद अब वह सामान्य है. उसने युवाओं से अपील की कि वो कभी इस 'गेम ऑफ डेथ' खेल को खेलने की कोशिश नहीं करें. उन्होंने सबको सावधान करते हुए कहा, ‘यह वास्तव में मौत का जाल है. वह बेहद पीड़ादायक अनुभव है.’

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