S M L

The Accidental Prime Minister: फर्जीवाड़े में डायरेक्टर विजय गुट्टे हो चुके हैं गिरफ्तार

जीएसटी इंटेलिजेंस के अधिकारियों ने फिल्म के डायरेक्टर विजय गुट्टे को 34 करोड़ के घोटाले के आरोप में गिरफ्तार किया था. गुट्टे पर फर्जी इनवॉयस देने का आरोप है

Updated On: Dec 28, 2018 07:50 PM IST

FP Staff

0
The Accidental Prime Minister: फर्जीवाड़े में डायरेक्टर विजय गुट्टे हो चुके हैं गिरफ्तार

'द एक्सीडेंटल प्राइममिनिस्टर' ये फिल्म ट्रेलर लॉन्च के साथ ही विवादों में घिर गई है. पहले कांग्रेस पार्टी ने इस फिल्म में तथ्यों के साथ छेड़छाड़ का आरोप लगा रही है. लेकिन इस फिल्म के खुद डायरेक्टर साहब को भी जीएसटी की गाज गिर थी जिसकी वजह से उन्हें गिरफ्तार भी किया गया था. जीएसटी इंटेलिजेंस के अधिकारियों ने फिल्म के डायरेक्टर विजय गुट्टे को 34 करोड़ के घोटाले के आरोप में गिरफ्तार किया था. गुट्टे पर फर्जी इनवॉयस देने का आरोप है.

21 दिसंबर को रिलीज होने वाली इस फिल्म में दिग्गज अभिनेता अनुपम खेर ने मुख्य भूमिका निभाई है.

मुंबई मिरर के मुताबिक वीआरजी डीजिटल कॉर्पोरेशन के डायरेक्टर के साथ दो और फर्मों ने मिलकर फर्जी इनवॉयस का घोटाला किया है. जीएसटी में इनपुट टैक्स क्रेडिट का एक विकल्प है जिसमें टैक्स देने वाले को अपनी खरीदी गई चीजों पर टैक्स क्लेम करने की सुविधा होती है. अधिकारियों ने अनुपम खेर द्वारा बॉम्बे कास्टिंग टैलेंट मैनेजमेंट प्राइवेट लिमिटेड (बीसीटीएमपीएल) के हवाले से जमा किए गए इनवॉयस का ब्यौरा मांगा है.

अधिकारियों ने बताया कि जून 2017 से सितंबर 2017 तक वीआरजी ने बीसीटीएमपीएल को 115 करोड़ रुपए अदा किए थे. बीसीटीएमपीएल ने ये पैसे होराइजन आउटसोर्स सॉल्यूशन प्राइवेट लिमिटेड के जरिए किया था. हालांकि वीआरजी को सेवाएं बीसीटीएमपीएल ने दी थी लेकिन एचओएसपीएल द्वारा इनवॉयस वीआरजी के नाम पर जारी किए गए.

Circular Trading के जरिए किया घोटाला:

एग्रीमेंट के अनुसार वीआरजी को बीसीटीएमपीएल की सेवाओं के लिए पैसे सीधे या फिर एचओएसपीएल के जरिए देने थे. अधिकारियों ने कहा कि एमओयू में साफ था कि एचओएसपीएल सर्विस प्रोवाइडर नहीं है. बल्कि वो सिर्फ पेमेंट का एक जरिया था. बीसीटीएमपीएल और वीआरजी अपने पेमेंट को सर्कूलेट करने के लिए ही एचओएसपीएल का इस्तेमाल कर रहे थे ताकि वो बीसीटीएमपीएल द्वारा फिल्मों में लगाए गए पैसों को दिखा सकें.

जीएसटी के अधिकारियों ने मई में एचओएसपीएल के डायरेक्टर अमित उपाध्याय और बीसीएस के प्रोपराइटर अनवर सैयद को गिरफ्तार किया था. उन्होंने बताया कि सर्कुलर ट्रांजेक्शन में कई और कंपनियां जु़ड़ी हुई हैं. उपध्याय को 47 करोड़ का सर्विस टैक्स लेने के लिए गिरफ्तार किया गया. उसने सैयद के सहयोग से फर्जी जीएसटी के जरिए 79.38 करोड़ रुपए भी पाए और टैक्स से बचता रहा.

0

अन्य बड़ी खबरें

वीडियो
KUMBH: IT's MORE THAN A MELA

क्रिकेट स्कोर्स और भी

Firstpost Hindi