S M L

बजट और चुनाव एकसाथ: सरकार की चलेगी या विपक्ष की!

यह देखना दिलचस्प होगा कि सरकार​ विपक्ष के आगे झुकती है या अपने हिसाब से तय तारीख पर बजट पेश करती है

Updated On: Jan 11, 2017 12:55 PM IST

Pratima Sharma Pratima Sharma
सीनियर न्यूज एडिटर, फ़र्स्टपोस्ट हिंदी

0
बजट और चुनाव एकसाथ: सरकार की चलेगी या विपक्ष की!

आम बजट पर चुनाव की आचार संहिता लागू होगी या नहीं?

चुनाव आयोग ने 4 जनवरी को जब देशभर के 5 राज्यों में विधानसभा चुनावों का ऐलान किया, तब से सब यही सवाल एक दूसरे से पूछ रहे हैं.

नियमों के मुताबिक आचार संहिता लागू होने पर सरकार ऐसी कोई स्कीम पेश नहीं कर सकती है, जो सीधे जनता को प्रभािवत करे. गोवा और पंजाब में 4 फरवरी को चुनाव होने वाले हैं, ऐसे में ठीक तीन दिन पहले 1 फरवरी को सरकार का बजट पेश करना क्या आचार संहिता का उल्लंघन नहीं है?

इस बारे में फर्स्टपोस्ट हिंदी से एक्सक्लूसिव बातचीत में संविधान विशेषज्ञ सुभाष कश्यप का कहना है,

बजट पास करना संविधान की जरूरत है और कोई भी चीज संविधान से ऊपर नहीं है.

उन्होंने कहा कि संविधान यह नहीं कहता कि बजट पेश नहीं होना चाहिए. सरकार इस बार पहले से ही यह योजना बना रही थी कि बजट जल्दी पेश किया जाएगा, ताकि 1 अप्रैल से पहले सभी योजनाएं लागू हो सकें.

क्या है रास्ता ?

सुभाष कश्यप ने यह भी कहा, 'इस बार सरकार बजट जल्दी पेश करने की तैयारी में है. ऐसे में यह हो सकता है कि सरकार अगर चाहे तो वोट आॅफ अकाउंट लेकर आ सकती है और 11 मार्च के बाद फाइनेंस बिल और एप्रोप्रिएशन बिल पेश कर सकती है.' बजट भाषण के बाद एप्रोप्रिएशन बिल पेश होता. इसके बाद ही सरकार कंसोलिडेटेड फंड से पैसा निकाल सकती है.

विपक्ष का विरोध जारी 

एकबार पहले 2012 में भी आम बजट और यूपी विधानसभा के चुनाव की तारीखें आस-पास हो रही थीं. तब सरकार ने बजट की तारीख बढ़ाकर 16 मार्च कर दी थी. इस बार भी विपक्ष इसकी मांग कर रहा है. लेकिन इस बात की संभावना कम हैं कि सरकार इस बार बजट की तारीख आगे बढ़ाएगी.

हालांकि, चुनाव की तारीखों का ऐलान होने के बाद विपक्ष लगातार इस बात की मांग कर रहा है कि चुनाव की तारीखें बढ़ाई जाएं.

बिजनेस स्टैंडर्ड की एक खबर के मुताबिक मार्क्सवादी कम्यूनिस्ट पार्टी के महासचिव सीताराम येचुरी ने कहा, 'पहले बजट' लाना एक बुरा आइडिया है क्योंकि इससे जीडीपी में सिर्फ दो तिमाही (सितंबर 2016) तक के ही आंकड़े शामिल होंगे.

सीताराम येचुरी ने कहा, ' इससे जीडीपी ग्रोथ की गलत तस्वीर सामने आएगी.'

महाराष्ट्र कांग्रेस के सचिव शहजाद पूनावाला ने ट्वीट करके कहा है कि चुनाव आयोग को सरकार को चुनाव से पहले बजट लाने से रोकना चाहिए.

चुनाव आयोग ने खड़े किए हाथ

हालांकि, मुख्य चुनाव आयुक्त नसीम जैदी ने इस तरह की किसी संभावना से पूरी तरह इनकार कर दिया.

जैदी की इस बात से चुनाव आयोग के सलाहकार रहे के जे राव पूरी तरह सहमत है. उन्होंने कहा, 'बजट लाना जरूरी है लिहाजा बजट तो हर हाल में उसी तारीख पर आएगा.'

यह पूछे जाने पर कि अगर सरकार बजट में कोई सोशल वेलफेयर स्कीम लाती है तो क्या उसका असर विधानसभा चुनाव पर पड़ेगा. राव ने कहा, 'निश्चित तौर पर ऐसा होगा और योजना आयोग इसमें कुछ नहीं कर सकता है.' उन्होंने कहा कि चुनाव से दो दिन पहले के मुद्दे पर विपक्ष हो हल्ला मचाता रहेगा लेकिन कुछ कर नहीं पाएगा.

0

अन्य बड़ी खबरें

वीडियो
#MeToo पर Neha Dhupia

क्रिकेट स्कोर्स और भी

Firstpost Hindi