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भीमा कोरेगांव हिंसा मामले में गिरफ्तारी: गिरफ्तारी पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला, सभी आरोपी अपने घर में रहेंगे नजरबंद

सुप्रीम कोर्ट की ओर से पांचों मानवाधिकार कर्मियों को बड़ी राहत मिली है. पांचों आरोपी 5 सिंतबर तक अपने घर में नजर बंद रहेंगे. अब अगले गुरुवार को सुनवाई होगी.

| August 29, 2018, 06:03 PM IST

FP Staff

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हाइलाइट

Aug 29, 2018

  • 17:21(IST)

    केंद्रीय मंत्री हंसराज अहीर ने कहा कि पुलिस का हौसला तोड़ना ठीक नहीं है. भीमाकोरे गांव हिंसा हमारे देश और संविधान के लिए एक गहरा झटका था. सांप्रदायिक संकट को उजागर करने की साजिश अभी खुली है और पुलिस कार्रवाई क रही है. कोर्ट है यदि उन्हें लगता है वह ठीक हैं तो वह बेल दे सकती है.

  • 17:12(IST)

    सुप्रीम कोर्ट की तीन जजों की बेंच ने ये फैसला सुनाया है. अब कोर्ट अगले गुरुवार को अादेश सुनाएगी.

  • 17:10(IST)

    विरोध की आवाज लोकतंत्र का सेफ्टी वॉल्व. अगर विरोध की आवाज को दबाया जाएगा तो प्रेशर कूकर फट जाएगा : SC

  • 17:08(IST)

    सुप्रीम कोर्ट की ओर से पांचों मानवाधिकार कर्मियों को बड़ी राहत मिली है. पांचों आरोपी 5 सिंतबर तक अपने घर में नजर बंद रहेंगे. अब अगले गुरुवार को सुनवाई होगी.

  • 17:05(IST)

    गिरफ्तारी पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला. पांचों आरोपी अपने घर में रहेंगे नजरबंद.

  • 16:59(IST)

    हमने हाईकोर्ट में गिरफ्तारी के तरीके को चुनौती दी है: वरिष्ठ वकील वृंदा ग्रोवर

  • 16:58(IST)

    #BhimaKoregaon: सुप्रीम कोर्ट ने गौतम नवलखा मामले की सुनवाई के दौरान महाराष्ट्र सरकार व अन्य पार्टियों को नोटिस जारी किया है और उनसे 5 सितंबर तक जवाब देने को कहा है.

  • 16:56(IST)

    सुप्रीम कोर्ट गौतम नवलखा केस में सुनवाई: एक याचिकाकर्ता की ओर से पैरवी कर रहे वरिष्ठ वकील राजीव धवन ने कहा, गिरफ्तारी आनन-फानन में हुई और ये अवैध व जबरदस्ती की गई.

  • 16:52(IST)

    सुप्रीम कोर्ट में मानवाधिकारकर्मियों की गिरफ्तारी पर सुनवाई शुरू. सुप्रीम कोर्ट ने पूछा- हाईकेोर्ट में क्या चल रहा है?

  • 16:48(IST)

    नवलखा के वकील को गिरफ्तारी से जुड़े कागजात देंगे? हाईकोर्ट

  • 16:48(IST)

    बिना केस डायरी के ट्रांजिट रिमांड कैसे दे दी जाए: दिल्ली हाईकोर्ट

  • 16:46(IST)

    दिल्ली हाईकोर्ट ने पूछा, ट्रांजिट रिमांड देने से पहले केस डायरी देखना जरूरी है. साकेत कोर्ट ने बिना केस डायरी देखे कैसे ट्रांजिट रिमांड दे दी. नवलखा के वकील को सिर्फ तीन पेपर ही क्यों दिए गए.

  • 16:43(IST)

    ये देश तानाशाही की ओर बढ़ रहा है. पांच बुद्धिजीवियों का गिरफ्तार किया जाना दिखाता है कि देश आपातकाल की ओर बढ़ रहा है. मैं इसकी निंदा करता हूं: लालू प्रसाद यादव, पूर्व बिहार सीएम

  • 16:41(IST)

    पुणे पुलिस ने दिल्ली हाईकोर्ट को बताया कि सीएमएम को केस की डायरी नहीं दिखाई गई.

  • 16:38(IST)

    माओवादियों से संपर्क रखने के संदेह में गिरफ्तार ट्रेड यूनियन कार्यकर्ता और वकील सुधा भारद्वाज ने कहा है कि मानवाधिकार उल्लंघन के खिलाफ बोलने वाले और दलितों एवं आदिवासियों के लिए लड़ने वाले लोगों को ‘मौजूदा सरकार’ निशाना बना रही है.

  • 16:29(IST)

    #BhimaKoregaonRaids: एएसजी लेखी ने कहा कि गौतम नवलखा की ट्रांजिट रिमांड एप्लीकेशन के समय सीएमएम (चीफ मेट्रोपॉलिटन मेजिस्ट्रेट) के लिए डॉक्यूमेंट्स को मौखिक रूप में ट्रांसलेट किया गया.

  • 16:24(IST)

    4700 लोगों ने एक्टिविस्ट्स की रिहाई के लिए ज्वाइंट स्टेटमेंट पर साइन किया है: शेहला रशीद

  • 16:21(IST)

    #BhimaKoregaon: दिल्ली हाईकोर्ट ने प्रोसेक्यूशन से पूछा कि गौतम नवलखा या फिर उनके वकील को अरेस्ट मेमो क्यों नहीं दिया गया. वो शख्स (गौतम नवलखा) कस्टडी में हर एक मिनट जो काट रहे हैं, वो चिंता का विषय है.

  • 16:15(IST)

    नवलखा की ट्रांजिट रिमांड पर हाईकोर्ट में सुनवाई: दिल्ली हाईकोर्ट ने पूछा कि किन ठोस सबूतों के आधार पर गिरफ्तारी हुई. मराठा वांरट का अनुवाद कहां है. गिरफ्तारी पर पहले कोर्ट को संतुष्ट करें.

  • 15:56(IST)

    गौतम नवलखा की गिरफ्तारी पर दिल्ली हाईकोर्ट में सुनवाई. कोर्ट ने पूछा गिरफ्तार करने का आधार क्या है.

  • 15:50(IST)

    भीमा कोरेगांव हिंसा मामले में गिरफ्तार सामाजिक कार्यकर्ता वरवरा राव, वर्नेन गोंसाल्विस और अरुण फेरेरा को पुणे कोर्ट में पेश किया गया. इस दौरान मीडिया से बातचीत में वरवर राव ने कहा कि सरकार उन्हें गलत ढंग से फंसा रही है.

  • 15:27(IST)

    सामाजिक कार्यकर्ताओं की गलत तरीके से गिरफ्तारी के खिलाफ लेफ्ट और दूसरी प्रोग्रेसिव पार्टियां गुरुवार को जंतर-मंतर पर प्रोटेस्ट करेंगी-सीताराम येचुरी, CPI(M) 

  • 15:13(IST)

    महाराष्ट्र के होम मिनिस्टर दीपक केसारकर ने कहा, जब तक पुलिस के पास कोई सबूत नहीं होता कोई एक्शन नहीं लिया जाएगा. जब पुलिस सबूत मुहैया कराएगी तब अदालत पुलिस कस्टडी की इजाजत देगी. साफ है कि सरकार के पास सबूत है और वे नक्सल को सपोर्ट कैसे कर सकते हैं.  

  • 14:49(IST)

    सामाजिक कार्यकर्ता वरवरा राव की बेटी सुजाता ने कहा, पूरा घर छान लिया और पेपर, हार्ड डिस्क यहां तक कि पुराने फोन तक ले गए. वरवरा राव को मंगलवार को गिरफ्तार किया गया था. 

  • 14:41(IST)

    #BhimaKoregaon राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग ने महसूस किया कि गिरफ्तार हुए लोगों के साथ पुलिस ने गलत बर्ताव किया है.   

  • 13:48(IST)

    भीमा कोरेगांव गिरफ्तारी मामले में राष्ट्रीय मानव अधिकार आयोग (एनएचआरसी) का नोटिस. एनएचआरसी ने महाराष्ट्र सरकार को नोटिस भेजा.

  • 13:45(IST)

    जेडीयू नेता पवन वर्मा ने इस मामले पर नपा तुला बयान दिया है लेकिन वो सरकार का समर्थन करने से बचते दिखे हैं. उन्होंने कहा है कि अगर सरकार आरोपियों के नक्सली गतिवविधि में संलिप्त रहने के सबूत नहीं पेश कर पाती है तो सरकार की ये कार्रवाई इमरजेंसी के दौरान हुई कार्रवाई के समान मानी जाएगी. 

  • 12:15(IST)

    जेडीयू नेता पवन वर्मा ने कहा, सरकार को इन कथित माओवादी एक्टिविस्ट्स के खिलाफ सूबूत पेश करने होगें. अगर पक्के सूबूत नहीं मिलते हैं तो इस अभिव्यक्ति की आजादी के संवैधानिक अधिकार का उल्लंघन माना जाएगा.

  • 11:43(IST)

    #BhimaKoregaonRaids: गिरफ्तार किए गए बुद्धिजीवी वरवरा राव के दामाद घर पर भी रेड डाली गई. लोगों को रोते-रोते अपना दर्द बताते हुए प्रोफेसर के सत्यनारायण ने कहा कि मुझे वरवरा राव का दामाद होने के चलते सजा दी जा रही है. मेरी 30 साल एकेडमिक लाइफ सिर्फ 5 मिनट में बर्बाद कर दी गई.

भीमा कोरेगांव हिंसा मामले में गिरफ्तारी: गिरफ्तारी पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला, सभी आरोपी अपने घर में रहेंगे नजरबंद
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इस साल जनवरी में हुई भीमा कोरेगांव हिंसा मामले में पुणे पुलिस ने देशभर के कई शहरों में छापेमारी की. इस दौरान पुलिस ने कई बुद्धिजीवी और सामाजिक कार्यकर्ताओं हिरासत में ले लिया है. साथ ही उनके लैपटॉप, पेन ड्राइव भी जब्त कर लिए हैं.

पुलिस ने दिल्ली, हरियाणा, मुंबई, रांची और हैदराबाद में कई सामाजिक कार्यकर्ता और बुद्धिजीवियों के घरों पर छापे मारे और कई लोगों को अपनी गिरफ्त में भी ले लिया. साथ ही पुलिस ने उनके घर से लैपटॉप, पेन ड्राइव और कई कागजात भी जब्त किए हैं.

सामाजिक कार्यकर्ता सुधा भारद्वाज को उनके फरीदाबाद स्थित आवास से  हिरासत में लिया गया. सामाजिक कार्यकर्ता अरुण फरेरा और वर्णन गोनजाल्विस भी हिरासत में लिए गए हैं. मानवाधिकार कार्यकर्ता गौतम नवलखा को भी भीमा कोरेगांव हिंसा मामले में पुलिस ने हिरासत में लिया है.

मानचवाधिकार कार्यकर्ता गौतम नवलखा को 30 अगस्त तक पुलिस रिमांड पर लिया गया है. नवलखा ने इसके खिलाफ दिल्ली हाई कोर्ट में अपील दायर कर दी है.

वार्षिक समारोह ने ले लिया था हिंसक रूप

दरअसल हर साल जनवरी महीने में दलित समुदाय के कई लोग भीमा कोरेगांव में इकट्ठे होते हैं. वह मराठा पेशवाओं के खिलाफ दलित समुदाय के लोगों की पहली जीत की 200वी सालगिराह मनाने के लिए इस बार भी जनवरी महीने में भीमा कोरेगांव आए थे.

लेकिन इस बार कुछ दक्षिण पंथी दलों ने उनका विरोध किया. उनका तर्क था कि यह जीत अंग्रेजों की थी और इसका जश्न नहीं मनाया जा सकता. इस विरोध ने हिंसक रूप ले लिया. जिसमें कई लोग गंभीर रूप से जख्मी भी हुए थे. इसके बाद राज्य के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने जांच के आदेश दिए थे.

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