विधानसभा चुनाव | गुजरात | हिमाचल प्रदेश
S M L

कौन हैं प्रसून जोशी, जिनके हाथ में होगी सेंसर बोर्ड की कैंची

तारे जमीं पर फिल्म के गीत के लिए प्रसून जोशी को मिल चुका है राष्ट्रीय पुरस्कार

FP Staff Updated On: Aug 11, 2017 07:30 PM IST

0
कौन हैं प्रसून जोशी, जिनके हाथ में होगी सेंसर बोर्ड की कैंची

दिल्ली छह हो, रंग दे बसंती, तारे जमीं पर... ऐसी तमाम फिल्मों के गाने, डायलॉग या स्क्रीनप्ले लिखने वाले प्रसून जोशी के हाथ में अब सेंसर बोर्ड की कमान होगी. उम्मीद है कि पहलाज निहलानी की कैंची के साथ वो सेंसर बोर्ड में नहीं बैठेंगे.

प्रसून जोशी को विज्ञापन और फिल्म जगत के सम्मानित लोगों में गिना जाता है. उन्होंने कई फिल्मों के गाने, डायलॉग और स्क्रीनप्ले लिखे हैं. 1971 में प्रसून जोशी का जन्म हुआ था. उत्तराखंड के जोशी के पिता पीसीएस अधिकारी थे. लेकिन मां-पिता दोनों का संगीत में रुझान था. 17 साल की उम्र में उन्होंने लिखना शुरू कर दिया था. उनकी किताब मैं और वो पब्लिश हुई थी.

एमबीए करने के बाद प्रसून जोशी ओ एंड एम के साथ जुड़े. यहां दस साल काम करने के बाद मैकैन एरिक्सन से जुड़े. आखिर राजकुमार संतोषी की फिल्म लज्जा ने उन्हें फिल्मों में एंट्री दिलवा दी. उसके बाद से वो लगातार फिल्मों से जुड़े हैं. उन्हें एड गुरु माना जाता है. कई प्रसिद्ध कैचलाइन प्रसून जोशी की ही दी हुई हैं.

तारे जमीं पर के गाने पर अंधेरे से डरता हूं मैं मां और चिटगांग के बोलो ना के गीत के लिए उन्हें राष्ट्रीय पुरस्कार भी मिला है. बीच-बीच में सामाजिक मुद्दों पर भी प्रसून जोशी लिखते रहे हैं.

0

अन्य बड़ी खबरें

वीडियो

क्रिकेट स्कोर्स और भी

Firstpost Hindi