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Viral : कड़वी हवा को बदलने का 'एंथम' बन गया है गाना ‘हवा बदलो’

‘गेल’ में भारत के प्रदूषित शहरों की हवा बदलने का बीड़ा उठाया है और पेश किया है गाना ‘हवा बदलो’

Updated On: Aug 09, 2017 09:27 PM IST

Hemant R Sharma Hemant R Sharma
कंसल्टेंट एंटरटेनमेंट एडिटर, फ़र्स्टपोस्ट हिंदी

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Viral : कड़वी हवा को बदलने का 'एंथम' बन गया है गाना ‘हवा बदलो’

अब से कुछ महीनों पहले दिल्ली की हवा में घुला जहर हर किसी के लिए एक चिंता का विषय बना हुआ था. कुछ दिन इस पर हंगामा हुआ, लोगों ने अपनी हेल्थ के बारे में चिंता भी जताई.

थोड़े बहुत विरोध प्रदर्शन वगैहरा हुए पर अपनी जिंदगी में व्यस्त लोग धीरे-धीरे इस बात को भूल ही गए कि जिस हवा में वो सांस ले रहे हैं वो कितनी जहरीली है?

मीडिया की कुछ दिन तो हेडलाइंस बनीं, फिर धीरे खबरें बदलीं और वो भी अपनी जिम्मेदारी को कहीं भूल सा गया. खैर इस जिम्मेदारी को कोई अगर नहीं भूला तो वो है गैस अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड यानी कि गेल.

गेल ने इस बात संकल्प लिया कि कड़वी हवा में सांस लेने वाले लोगों को इस बात को नहीं भूलने देगा कि शुद्ध हवा में सांस लेना उनका सबसे पहला अधिकार है. इसी संकल्प को आगे बढ़ाते हुए गेल आपके लिए लेकर आया है उनका नया गाना जिसका नाम है ‘हवा बदलो’.

पॉल्यूशन को खत्म करते हुए हवा बदलने की जिम्मेदारी हर उस शख्स की है जो सांस लेता है. यानी हम और आप हर कोई इस मुहिम का हिस्सा हैं. क्योंकि ये हम सबका पहला अधिकार है और अपने अधिकारों की जानकारी होना हर किसी का पहला अधिकार है.

तो चलिए आपको लेकर चलते हैं आपके पहले अधिकार की तरफ और आपको सुनवाते हैं हवा बदलो

हवा बदलो

देखा याद आ गया ना कि हम अपना सबसे जरूरी काम भूल गए हैं. हवा बदलने की मुहिम में तो हम सबको लग जाना चाहिए और गेल का शुक्रिया अदा इसलिए करना चाहिए क्योंकि उन्होंने हमें एक ऐसी चीज याद दिलाई है जो हमारी हेल्थ के लिए सबसे जरूरी है और वो है स्वच्छ हवा.

करीब ढाई लाख व्यूज की तरफ बढ़ चले इसके व्यूज को देखकर ये तो कहा है जा सकता है कि लोगों ने इसे हाथों-हाथ लेना शुरू कर दिया है. जो भी इसे एक बार सुनता है उसे अपनी सोई जिम्मेदारी की याद एक बार फिर से आ जाती है.

स्वच्छ भारत के साथ साथ हमें स्वच्छ हवा का संकल्प भी ले ही लेना चाहिए. क्योंकि ये सबसे जरूरी है.

जावेद अली-हर्षदीप कौर की जादुई आवाज

जावेद अली संगीत की दुनिया का नया नाम नहीं हैं. उनकी जादुई आवाज से हम सालों से एंटरटेन हो रहे हैं. जावेद अली को जब ये गाना ऑफर किया गया तो झट से इसके लिए राजी हो गए. जावेद जानते हैं कि अपनी आवाज से वो लोगों को अगर हवा बदलने के लिए प्ररित कर सकते हैं तो ये शायद उनके करियर की सबसे बड़ी सफलता होगी.

दूसरी कड़क आवाज हर्षदीप कौर की है. जो इस एंथम में इस बात को याद दिला रही है कि हम अपनी जिम्मेदारी को बिल्कुल नहीं भूल सकते. अगर हम फिर से भूलने की कोशिश करेंगे तो हर्षदीप फिर से आ जाएंगी हमें हवा बदलने के संकल्प की याद दिलाने.

अब तो चलिए आपको दिखाते हैं इस गाने की मेकिंग जिसमें आप देख सकते हैं कि कैसे इस एंथम को बनाने की प्रक्रिया शुरू हुई. कैसे थॉट कंसीव किया गया और दोनों सिंगर्स ने कितने डेडिकेशन के साथ इसे गाया.

इस एंथम को कंसीव करने वाले क्रिएटिव प्रड्यूसर और एजेंसी हैंडीमैन के को- फाउंडर प्रोतीक मोजूमदार इसके बारे में बताते हुए बेहद एक्साइटिड हो जाते हैं, उनके मुताबिक, हवा बदलो का थॉट उनके लिए इसलिए खास था क्योंकि वो इस एंथम के माध्यम से हर किसी को जोड़ लेना चाहते थे. वो ये भी चाहते थे कि लोग ना सिर्फ इससे जुड़े बल्कि कुछ करने का संकल्प भी लेकर जाएं क्योंकि ये एंथम सिर्फ एंटरटेनमेंट नहीं है.

हर इंसान की सबसे बड़ी जिम्मेदारी है इसलिए इसमें जोश और जुनून दोनों का होना बड़ा जरूरी था. और जब ये सॉन्ग बनकर तैयार हुआ तो जाहिर इतने सारे लोगों की मेहनत साकार होती नजर आई.

टीवी, प्रिंट, ऑनलाइन से लेकर रेडियो तक हर जगह अब इस एंथम की चर्चा है. उम्मीद है कि जितनी बार भी इसे लोग सुनेंगे वो अपनी जिम्मेदारी के प्रति सचेत हो जाएंगे.

इससे भी ज्यादा जरूरत इस बात की है कि ज्यादा से ज्यादा लोग इसे सुनें और बार-बार सुनें ताकि उनको सनद रहे कि उनकी सबसे बड़ी जिम्मेदारी हवा बदलने की है और ये किसी एक व्यक्ति या कंपनी का काम नहीं है.

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