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सहारा के पास एंबी वैली बचाने का आखिरी मौका

पिछले कुछ हफ्ते में सहारा समूह ने कई वैकल्पिक प्रस्ताव अदालत के सामने रखे हैं

Updated On: Sep 10, 2017 10:48 PM IST

FP Staff

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सहारा के पास एंबी वैली बचाने का आखिरी मौका

बिजनेस स्टैंडर्ड में छपी खबर के मुताबिक सहारा समूह सोमवार को लक्जरी हिल सिटी परियोजना एंबी वैली को बचाने की आखिरी कोशिश करेगा. समूह की तरफ से सर्वोच्च न्यायालय में दाखिल याचिका पर सोमवार को सुनवाई होगी. जुलाई में अदालत ने सेबी-सहारा रिफंड खाते में 1,500 करोड़ रुपए जमा कराने के लिए 7 सितंबर की समयसीमा तय की थी. इसमें नाकामी पर एंबी वैली की नीलामी प्रक्रिया शुरू हो जाएगी.

दस्तावेजों से पता चलता है कि यह परिसंपत्ति करीब 8,000 एकड़ में फैली है और इसकी कीमत 37,392 करोड़ रुपए है, साथ ही तीन अलग-अलग हिस्सों में बंटी हुई है. पहला हिस्सा एंबी वैली सिटी डेवलपमेंट है, जो 6,761 एकड़ में फैला है. इस जमीन को हिल स्टेशन के तौर पर विकसित करने की मंजूरी मिली थी और यहां की परिसंपत्तियों में कीमत में काफी ज्यादा योगदान है.

दूसरी जमीन 1,409 एकड़ में फैली है, जो पहले वाले के पास है, लेकिन इस जमीन के विकास की मंजूरी लंबित है. तीसरा हिस्सा सातारा (पुणे के दक्षिण) में 321 एकड़ में फैला है. बोली लगाने के पास तीनों की सामूहिक बोली या तीनों के लिए अलग-अलग बोली लगाने का विकल्प है.

हालांकि सिटी प्रोफाइल और निविदा दस्तावेज में दर्ज जमीन में करीब 300 एकड़ का अंतर है, दोनों ही नीलामी वेबसाइट पर उपलब्ध है. प्रोफाइल के मुताबिक कुल 8,170 एकड़ क्षेत्र बिक्री के लिए उपलब्ध है जबकि बोली दस्तावेज में तीन लॉट के तहत यह करीब 8,490 एकड़ है. यह अंतर सतारा की जमीन को दोबारा जोडऩे के चलते नजर आ रहा है.

सिर्फ पांच फीसदी की ही हुई है बिक्री

दस्तावेज बताते हैं कि करीब दो दशक में सहारा समूह करीब 319 एकड़ यानी एंबी वैली का करीब पांच फीसदी ही बेचने में कामयाब रहा, जो समूह की तरफ से घबराहट में बिकवाली से संपत्ति को बचाने की मंशा जताता है. बाजार नियामक और समूह के बीच छह साल पुराने विवाद के दौरान समूह ने इस संपत्ति को बेचने के सुझाव का पुरजोर विरोध किया.

अदालत विगत में इसके अनुरोध पर ध्यान देती रही है, लेकिन इस साल इसने निवेशकों के बकाए की वसूली के लिए अन्य विकल्पों पर भी विचार का फैसला लिया, जो ब्याज समेत 40,000 करोड़ रुपए के पार निकल गया है. पिछले कुछ हफ्ते में सहारा समूह ने कई वैकल्पिक प्रस्ताव अदालत के सामने रखे हैं.

एंबी वैली के प्रोफाइल के मुताबिक, इसने 700 परिसंपत्तियों से ज्यादा बेची है, जिनमें से ज्यादातर लोग इसे अपने पहले या दूसरे घर के तौर पर इस्तेमाल कर रहे हैं. ये परिसंपत्तियां और जिस जमीन पर बनी हैं वे इस नीलामी का हिस्सा नहीं हैं.

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