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भारत की इस बड़ी आईटी कंपनी ने अमेरिका में शुरू किया ड्रोन्स रिसर्च हब

ड्रोन्स को कई तरह के इस्तेमाल के लिए तैयार करना चाहती है कंपनी.

FP Staff | Published On: May 17, 2017 03:21 PM IST | Updated On: May 17, 2017 03:21 PM IST

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भारत की इस बड़ी आईटी कंपनी ने अमेरिका में शुरू किया ड्रोन्स रिसर्च हब

इंडियन इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी कंपनी टाटा कंसल्टेंसी सर्विस ने इसी महीने अमेरिका के ओहायो राज्य के सिनसिनाटी शहर में ड्रोन रिसर्च हब शुरू किया है. इस हब को शुरू करने के पीछे कंपनी का लक्ष्य तकनीक में दिलचस्पी रखने वाले ग्राहकों की एक बड़ी संख्या के लिए आईटी-लिंक्ड एप्लीकेशन्स के साथ आने का है.

हब सेंटर इंजीनियरों को मानवरहित ड्रोन्स को प्रभावित करने वाली हवा, जैमिंग और दूसरी बाधाओं का अध्ययन करने के लिए आउटडोर स्पेस मुहैया कराएगा.

साथ ही ये सेंटर क्लाइंट्स के साथ मिलकर ज्वाइंट प्रोग्राम और नई टेक्नोलॉजी पर काम करने की सुविधा भी देगी. टाटा कंसल्टेंसी सर्विस के पाइलट्स के पास फेडरल एविएशन एडमिनिस्ट्रेशन की ओर से ड्रोन्स उड़ाने की अनुमति मिली हुई है.

टीसीएस ड्रोन्स को आपदा प्रबंधन और फैक्ट्रियों में पार्ट्स की डिलीवरी के लिए एक बेहतर साधन मानती है, इसलिए वो इस दिशा में बड़े कदम उठा रही है.

ड्रोन्स बड़ी मात्रा में लोकेशन, फोटो और वीडियो जैसे डेटा कलेक्ट करने में सक्षम है. इसलिए टीसीएस इस दिशा में और प्रगति करने के लिए दूसरी आईटी कंपनियों से सहयोग भी मांग सकता है.

इंडियन इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी कंपनी टाटा कंसल्टेंसी सर्विस ने इसी महीने अमेरिका के ओहायो राज्य के सिनसिनाटी शहर में ड्रोन रिसर्च हब शुरू किया है. इस हब को शुरू करने के पीछे कंपनी का लक्ष्य तकनीक में दिलचस्पी रखने वाले ग्राहकों की एक बड़ी संख्या के लिए आईटी-लिंक्ड एप्लीकेशन्स के साथ आने का है.

हब सेंटर इंजीनियरों को मानवरहित ड्रोन्स को प्रभावित करने वाली हवा, जैमिंग और दूसरी बाधाओं का अध्ययन करने के लिए आउटडोर स्पेस मुहैया कराएगा.

साथ ही ये सेंटर क्लाइंट्स के साथ मिलकर ज्वाइंट प्रोग्राम और नई टेक्नोलॉजी पर काम करने की सुविधा भी देगी. टाटा कंसल्टेंसी सर्विस के पाइलट्स के पास फेडरल एविएशन एडमिनिस्ट्रेशन की ओर से ड्रोन्स उड़ाने की अनुमति मिली हुई है.

टीसीएस ड्रोन्स को आपदा प्रबंधन और फैक्ट्रियों में पार्ट्स की डिलीवरी के लिए एक बेहतर साधन मानती है, इसलिए वो इस दिशा में बड़े कदम उठा रही है.

ड्रोन्स बड़ी मात्रा में लोकेशन, फोटो और वीडियो जैसे डेटा कलेक्ट करने में सक्षम है. इसलिए टीसीएस इस दिशा में और प्रगति करने के लिए दूसरी आईटी कंपनियों से सहयोग भी मांग सकता है.

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