S M L

भारत-नेपाल सीमा पर आतंकी गतिविधियों को चुनावी मुद्दा बना रही बीजेपी

बीजेपी के नेता मदरसों पर लगा रहे हैं

Amitesh Amitesh | Published On: Feb 16, 2017 04:26 PM IST | Updated On: Feb 17, 2017 10:20 AM IST

भारत-नेपाल सीमा पर आतंकी गतिविधियों को चुनावी मुद्दा बना रही बीजेपी

उत्तर प्रदेश के बहराइच, श्रावस्ती से लेकर बलरामपुर तक कई जिले हैं जिनकी सीमा सीधे नेपाल से जुड़ी है. खुली सीमा होने के चलते दोनों देशों के नागरिकों के आने-जाने को लेकर कोई प्रतिबंध नहीं है.

आवाजाही लगातार होती रहती है. बॉर्डर के रास्ते से भी और जहां बॉर्डर नहीं हैं वहां से भी. इसी का फायदा उठाते हैं आतंकवादी और आतंकवादियों की मददगार पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई.

1993 में कानपुर में राजधानी एक्सप्रेस समेत कई ट्रेनों में हुए सीरियल बम धमाके में भी नेपाल से सटे बहराइच से ही आतंकवादी का कनेक्शन सामने आया था. बहराइच में नाजिरपुका इलाके का रहने वाला इरफान इस मामले में मास्टरमाइंड था.

इरफान लश्कर –ए-तोयबा और इंडियन मुजाहिद्दीन का आतंकवादी था. जो नेपाल में बैठकर अपनी गतिविधियों को अंजाम देता था.

इरफान के बेटे अबरार को भी आरडीएक्स के साथ 2006 में पकड़ा गया था, जिसे सात साल की सजा भी हुई थी.

इसके अलावा 2014 में नेपाल से सटे बहराइच के रुपेडिहा बॉर्डर से भी तीन आतंकवादी पकड़े गए थे. इन तीनों आतंकवादियों को भी एसएसबी ने पकड़ा था.

नेपाल हमेशा से पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई के रडार में रहा है. भारत के साथ लगी 1751 किलोमीटर की खुली सीमा और बेरोक-टोक आवाजाही की सुविधा को आईएसआई अपने लिए मुफीद मानती है.

हवाला कारोबार से लेकर भारत में फेक करेंसी पहुंचाने के कारोबार तक हर मामले में पाकिस्तान अपनी हरकतों से भारत विरोधी गतिविधियों को अंजाम देने की फिराक में रहता है. सीमावर्ती इलाके में हो रही गतिविधियों पर विराम लगाने की कोशिश सरकार की तरफ से हो रही है.

मदरसों पर आरोप से सियासत गरम

daddan mishra

श्रावस्ती के कार्यक्रम में बोलते दद्दन मिश्रा

सीमा से सटे इलाकों में चल रहे मदरसे और मस्जिदों को लेकर जब सवाल खड़े होते हैं तो फिर इस पर सियासत गरमा जाती है.

चुनाव का माहौल है तो मुस्लिम बहुल बहराइच और श्रावस्ती जिलों में इन मुद्दों को गरमाकर बीजेपी ध्रुवीकरण की कोशिश करना चाहती है.

फ़र्स्टपोस्ट से बातचीत में श्रावस्ती से बीजेपी सांसद ददन मिश्रा इस बात को जोर देकर उठा रहे हैं. ददन मिश्रा का कहना है कि सीमावर्ती इलाकों में बाहर से लोग आकर जमीन खरीदते हैं. फिर वहां मस्जिद और मदरसा बनाकर इसकी आड़ में कई गतिविधियां चलाते हैं.

मिश्रा कहते हैं कि इस पर रोक के लिए पूरी तैयारी चल रही है. एसएसबी यानी सीमा सुरक्षा बल ने यहां जब से ध्यान दिया है कुछ हद तक रोक भी लगा है.

बीजेपी सांसद कहते हैं कि आरएसएस के स्वयंसेवक सीमा जागरण संगठन के माध्यम से इस मामले में पूरी तरह से अपने काम में लगे हैं. ये संगठन लोगों को जागरुक करने का काम करता है.

मदरसे के लोग उड़ाते हैं मजाक

madarsa 5

इस इलाके के मदरसे के लोग अपना अलग ही दुखड़ा सुनाते हैं. बहराइच के भोपतपुर के मदरसे के मैनेजर मो.अफसर खां का कहना है कि वजीफा तो बहुत कम मिलता है. चंदे के पैसे से केवल काम चलता है.

इन आरोपों पर उनका कहना है कि हमें तो हंसी आती है इन बयानों पर और इस तरह के आरोपों पर. कोई कुछ बोलता है तो कोई कुछ बोलता है.

बीजेपी के नेताओं की तरफ से पहले भी नेपाल सीमा से सटे इलाकों में चल रहे मदरसों को लेकर सवाल खड़े किए जाते रहे हैं. अब एक बार फिर से इन मुद्दों को उठाकर चुनावी माहौल गरमाने की कोशिश हो रही है.

Uttar Pradesh Election Results 2017

पॉपुलर

अन्य बड़ी खबरें

वीडियो

क्रिकेट स्कोर्स और भी

Firstpost Hindi