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तमिलनाडु: AIADMK में 'स्लीपर सेल' कहकर दिनाकरन ने मचाई खलबली

AIADMK के संकट को देखते हुए राज्य की विपक्षी पार्टियां राज्यपाल से बहुमत परीक्षण करवाने की मांग कर रहे हैं

FP Staff Updated On: Aug 30, 2017 05:26 PM IST

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तमिलनाडु: AIADMK में 'स्लीपर सेल' कहकर दिनाकरन ने मचाई खलबली

ऐसा लगता है कि हाल ही में विलय के बाद एक हुई एआईडीएमके पार्टी के लिए नई मुसीबत खड़ी हो गई है. पार्टी के महासचिव टीटीवी दिनाकरन ने बुधवार को यह कहकर खलबली मचा दी है कि पार्टी में उनके 'स्लीपर सेल' हैं. सत्ताधारी एआईडीएमके के लिए यह एक चेतावनी है कि उसके कुछ और विधायक पार्टी छोड़कर दिनाकरन गुट में मिल सकते हैं.

टीटीवी दिनाकरन ने कहा 'एआईएडीएमके में हमारे स्लीपर सेल हैं. एक के बाद एक कई विधायक हमें अपना समर्थन दे सकते हैं. हम मुख्यमंत्री ई पलानीसामी को इस्तीफा सौंपने के लिए वक्त दे रहे हैं. हम सरकार को गिराना नहीं चाहते हैं.'

टीटीवी दिनाकरन के अपनी शक्ति दिखाने की बात कहने से उसके और एआईएडीएमके में विलय करने वाले अम्मा धड़े के बीच मौजूद खाई और भी गहरी हो गई है. बुधवार को दिनाकरन ने एक बार फिर दावा किया कि पार्टी में उसके 'स्लीपर सेल' हैं जो जल्दी ही उसके साथ आ जाएंगे.

AIADMK senior leader and highways minister Edappadi K Palaniswami,

AIADMK में उभरे संकट को देखते हुए राज्य की विपक्षी पार्टियां राज्यपाल से बहुमत साबित करवाने की मांग कर रही हैं

विपक्ष ने राज्यपाल से मिलकर बहुमत परीक्षण की मांग रखी

इस बीच, सीपीएम, एमएमके, वीसीके जैसी विपक्षी पार्टियों ने राज्यपाल विद्यासागर राव से मुलाकात कर उनसे फौरन बहुमत परीक्षण करवाने की मांग रखी है. जिन नेताओं ने राज्यपाल से मुलाकात की उन्होंने बताया कि 'गवर्नर ने उनसे कहा कि वो इसमें दखल नहीं दे सकते क्योंकि यह पार्टी में अंदरूनी गुटबाजी है.'

अब, डीएमके नेता एमके स्टालिन ने कहा है कि वो राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद से मिलकर तमिलनाडु में शक्ति परीक्षण करवाए जाने की मांग उठाएंगे.

एआईएडीएमके ने औपचारिक तौर पर पार्टी का महासचिव चुनने के लिए 12 सितंबर को अपनी सामान्य परिषद की बैठक बुलाई है. टीटीवी गुट इस बारे में कानूनी रास्ता अख्तियार कर सकता है.

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टीटीवी दिनाकरन गुट ने पिछले हफ्ते चुनाव आयोग से मुलाकात कर उन्हें पार्टी में उभरे संकट से अवगत कराया था. उन्होंने कहा 'केवल शशिकला को ही एआईएडीएमके की सामान्य परिषद की बैठक बुलाने का अधिकार है. ऐसे में सामान्य परिषद की बुलाई गई बैठक असंवैधानिक है.'

सोमवार को एआईएडीएमके के कार्यालय में महत्वपूर्ण बैठक हुई. सरकार के मंत्री लगातार कहते रहे कि सभी विधायक बैठक में हिस्सा लेंगे, इसपर टीटीके ने सवाल उठाते हुए पूछा कि 45 विधायक नहीं आ रहे हैं इसलिए क्या वो सरकार गिरने की बात से डर रहे हैं.

यह नया विवाद 21 अगस्त के दिन, जयललिता के स्मारक स्थल पर एआईएडीएमके के दोनों धड़ों (ई पलानीसामी धड़ा और ओ पन्नीरसेल्वम धड़ा) के आपस में हुए नाटकीय विलय के हफ्ते भर बाद सामने आया है.

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