S M L

जीएसटी इंपैक्ट रियल एस्टेट: बिल्डर की मेहरबानी पर ग्राहक!

रियल एस्टेट पर 12 फीसदी जीएसटी लगेगा, जो मौजूदा टैक्स का बोझ कम कर देगा

Pratima Sharma Pratima Sharma | Published On: Jun 26, 2017 04:58 PM IST | Updated On: Jun 29, 2017 01:00 PM IST

0
जीएसटी इंपैक्ट रियल एस्टेट: बिल्डर की मेहरबानी पर ग्राहक!

रियल एस्टेट और फ्लैट खरीदने वाले ग्राहकों पर जीएसटी का बड़ा असर होने वाला है. जीएसटी से ग्राहकों को फायदा हो सकता है लेकिन कुछ जानकारों का मानना है कि असल में इससे कीमतों पर कोई असर नहीं होगा.

क्या है सरकार की योजना?

राजस्व सचिव हसमुख अधिया ने बताया है, 'रियल एस्टेट में फ्लैट बेचने की जीएसटी रेट 12 फीसदी तय की गई है. लेकिन बिल्डर सीमेंट, रेत, इलेक्ट्रिकल फिटिंग्स और पेंट्स पर इनपुट टैक्स क्रेडिट क्लेम कर सकते हैं.' अधिया के मुताबिक, बिल्डर इनपुट टैक्स ग्राहकों को पास करेंगे, जिससे उन्हें फायदा होगा. यानी ग्राहकों को जीएसटी से कितना फायदा होगा यह बिल्डर की मेहरबानी पर निर्भर करता है.

बिल्डर का अभी तक ग्राहकों के साथ जैसा रवैया रहा है, उसे देखकर यह अंदाजा लगाना मुश्किल नहीं है कि बिल्डर इनपुट टैक्स क्रेडिट का फायदा ग्राहकों को देंगे या नहीं. हालांकि सरकार ने एक जीएसटी काउंसिल जरूर बनाया है जो यह पक्का करेगा कि ग्राहकों को इनपुट टैक्स क्रेडिट का फायदा मिल सके.

कितना टैक्स चुकाते हैं बिल्डर?

बिल्डर फिलहाल कंस्ट्रक्शन पर 4.5 फीसदी सर्विस टैक्स चुकाते हैं. लेकिन जीएसटी आने के बाद उनको 12 फीसदी टैक्स चुकाना फड़ेगा. ईंट और रेत पर फिलहाल बिल्डर 5 फीसदी टैक्स लगता है. इसके अलावा दूसरे सभी बिल्डिंग मटीरियल जैसे टाइल्स, प्लास्टर, सीमेंट और मार्बल पर 28 फीसदी टैक्स लगता है. कुल मिलाकर देखें तो जीएसटी लागू होने पर बिल्डर पर टैक्स का बोझ कम होगा. लेकिन इसका फायदा ग्राहकों को तभी मिलेगा जब बिल्डर चाहेंगे.

0

अन्य बड़ी खबरें

वीडियो

क्रिकेट स्कोर्स और भी

Firstpost Hindi