S M L

त्योहारी सीजन में चीनी सामानों का बहिष्कार करने की तैयारी

दिवाली से पहले देश भर के कारोबारियों ने चीन से सामान का आयात घटाया, ऑर्डर में भारी कमी आई है त्योहारी सीजन में चीनी सामानों को बहिष्कार करने की तैयारी

Bhasha Updated On: Sep 10, 2017 03:16 PM IST

0
त्योहारी सीजन में चीनी सामानों का बहिष्कार करने की तैयारी

चीन के साथ रिश्तों में आई तनातनी के माहौल को देखते हुए इस बार त्योहारी सीजन में भारतीय बाजारों में चीनी उत्पादों का मार्केट डाउन रहने की संभावना है. होली, दिवाली जैसे त्योहारों पर बाजार पिछले कई बर्षों से ‘चीनी सामानों’ से भरे रहते थे. हालांकि, इस बार डोकलाम विवाद और चीनी सामान के बहिष्कार के अभियान की वजह से स्थिति बदली नजर आ रही है.

इस साल दिवाली से पहले व्यापारियों ने चीन से सामान के आर्डरों में काफी कमी की है. रोशनी की लड़ियां हों या तमाम तरह के गिफ्ट आइटम, देवी-देवताओं की मूर्तियां या गॉड फिगर हर साल दिवाली से पहले ऐसे ‘चाइनीज’ उत्पादों की बाढ़ आ जाती है.

देश भर के थोक व्यापारी दिवाली से चार-पांच महीने पहले चीन से सामान मंगाने के लिए आर्डर दे देते हैं. पिछले साल दिवाली के मौके पर चीनी सामान के बहिष्कार का अभियान जोरदार तरीके से चला था, लेकिन इसके बावजूद चीनी सामानों का दबदबा कायम रहा.

कनफेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (कैट) के महासचिव प्रवीण खंडेलवाल ने कहा कि डोकलाम विवाद अब सुलझ चुका है, लेकिन निश्चित रूप से चीन से हमारे ‘रिश्ते’ कमजोर पड़े हैं. खंडेलवाल कहते हैं कि दिवाली से पहले होली और राखी पर भी चीन से आयात कम हुआ. उन्होंने कहा कि लोगों से लगातार चीन का सामान नहीं खरीदने को कहा जा रहा है जिसका असर भी दिख रहा है.

india china

पिछले साल की तुलना में बिक्री 50 फीसदी से कम रहने का अनुमान

खंडेलवाल कहते हैं कि इस बार दिवाली पर चीन के सामानों की बिक्री पिछले साल की तुलना में 50 फीसदी से भी कम रहने का अनुमान है.

उन्होंने कहा कि यह दिवाली हमारे मूर्तिकारों, कुम्हारों के लिए बढ़िया रहने वाली है. अब ग्राहक चीन से आयातित देवी-देवताओं की मूर्तियों के बजाय देश में बनी गॉड फिगर की मांग करने लगे हैं. इसके अलावा दीयों और मोमबत्तियों की मांग भी अधिक रहने की संभावना है.

बदले माहौल में कारोबारी अब इंडोनेशिया, मलेशिया आदि देशों से भी आयात पर जोर दे रहे हैं. दिल्ली व्यापार महासंघ के अध्यक्ष देवराज बवेजा भी मानते हैं कि इस बार दिवाली पर ‘ड्रैगन’ का दबदबा कम रहेगा. उन्होंने कहा कि हाल में हुई घटनाओं से सबक लेते हुए कारोबारियों ने चीन से कम आयात ऑर्डर दिए हैं.

बवेजा ने कहा कि जो व्यापारी हर साल दिवाली पर चीन से एक करोड़ रुपए का सामान आयात करता था, इस बार उसने 40-50 लाख रुपए का ही ऑर्डर दिया है. हालांकि इसके साथ ही वह कहते हैं कि जब तक हमारे पास तकनीक नहीं होगी, चीन से मुकाबला करना कठिन है. उनका कहना है कि बड़े कारोबारी तो फिर भी चीनी उत्पादों के बिना अपना काम चला लेंगे, लेकिन छोटे और मझोले व्यापारियों के लिए ऐसा कर पाना मुश्किल है.

0

अन्य बड़ी खबरें

वीडियो

क्रिकेट स्कोर्स और भी

Firstpost Hindi